
देहरादून। बोर्ड परीक्षा परिणाम के बाद अब जेईई एडवांस परीक्षा का काउंट डाउन शुरू हो गया है। दो जून को होने वाली परीक्षा के लिए विशेषज्ञों द्वारा सुझाए गए कुछ टॉपिक्स आपके के लिए बेहतर साबित हो सकते हैं।
विशेषज्ञों के मुताबिक मैथ्स में कैलकुलस, अलजेब्रा, कॉर्डिनेट, वेक्टर, थ्री डी और प्रोबेबिलिटी पर यदि फोकस किया जाए तो बेहतर परिणाम मिल सकता है। फिजिक्स में मैकेनिक्स, इलेक्ट्रोस्टेट, करेंट, इलेक्ट्रो मैग्नेटिक इंडक्शन(ईएमआई), मॉर्डन फिजिक्स, ऑप्टिक्स और हीट काफी कारगर साबित हो सकते हैं। कैमिस्ट्री में इनॉरगेनिक में कॉर्डिनेट कैमिस्ट्री, पिरियोडिक टेबल, बेसिक कांसेप्ट्स, इलेक्ट्रो कैमिस्ट्री, थर्मो डायनामिक्स, इक्वलिविरियम, स्टेट ऑफ मैटर्स और ऑर्गेनिक कैमिस्ट्री में काइनेटिक, रिएक्शन मैकेनिज्म, बायोमॉलीक्यूल पर फोकस करें, तो बेहतर परिणाम सामने आ सकता है। जानकारी के मुताबिक जेईई एडवांस का पैटर्न जेईई मेंस की माफिक होगा, लेकिन इसमें 11वीं से 45 प्रतिशत और 12वीं का 55 प्रतिशत सिलेबस कवर होगा। जेईई एडवांस में पेपर एक और पेपर दो में फिजिक्स, कैमिस्ट्री और मैथ्स के सवाल पूछे जाएंगे।
बयान-
वैसे तो जेईई एडवांस के लिए आईआईटी की ओर से जारी सिलेबस ही महत्वपूर्ण है, लेकिन उक्त टॉपिक्स पर फोकस मार्क्स अचीविंग साबित हो सकता है। परीक्षा के लिए टाइम सबसे महत्वपूर्ण है। लंबे सवालों को अगर हल करने में दिक्कत आए तो पहले उन सवालों पर काम करें, जो आसान हों। पेपर के प्रत्येक सेक्शन में 40 मिनट तक का वक्त देना बेहतर होगा। आखिरी के 30 मिनट में अपनी परफॉर्मेेंस पर फोकस करने का प्रयास करें।-डा. अनिल पटेल, अकादमिक निदेशक, बलूनी क्लासेज
जेईई एडवांस के लिए फॉर्मूला प्रॉपरली याद होने चाहिए। छोटे-छोटे कांसेप्ट पर खास ख्याल रखें। अपने स्ट्रांग एरिया के तहत प्रश्नों को सबसे पहले हल करना शुरू करें। परीक्षा में टाइम की बहुत महत्ता है। पांच मिनट तक प्रश्न पत्र को देख लें। इसके बाद जो सवाल आते हों, उन पर पहले ध्यान केंद्रित करें। परीक्षा को लेकर पैदा होने वाली अफवाहों पर कतई विश्वास न करें।- मनु पंत, सीईओ, एचीवर्ज क्लासेज
