सकारात्मक राजनीति से कांग्रेस बनेगी बदलाव का जरिया: राहुल गांधी

नई दिल्ली: राहुल गांधी ने आज कांग्रेस के उपाध्यक्ष पद का औपचारिक रूप से काम संभाल लिया । उन्होंने सकारात्मक राजनीति करने की बात की और पार्टी को बदलाव का जरिया बनाने का वादा किया।कांग्रेस उपाध्यक्ष बनने के बाद पहली बार पार्टी मुख्यालय पहुंचे, राहुल गांधी ने पार्टी पदाधिकारियों से अनौपचारिक मुलाकात की और मीडिया से भी मिले लेकिन पत्रकारों से सवाल जवाब नहीं हुआ।

कड़ी सुरक्षा के बीच यहां अकबर रोड स्थित पार्टी मुख्यालय पहुंचे 42 वर्षीय राहुल गांधी ने जींस और सफेद कुर्ता पहन रखा था। वह पार्टी कार्यकर्ताओं और प्रेस छायाकारों से बड़े ही अनौपचारिक ढंग से पेश आये और साथ ही पार्टी के हाल में जयपुर में संपन्न हुए चिंतन शिविर के बारे में उनकी राय पूछी।

उन्होंने कहा कि राजनीति का मौजूदा वातावरण अत्यधिक कटुतापूर्ण है और साथ ही कहा कि नकारात्मक राजनीति देश को आगे नहीं ले जाने वाली। उन्होंने कहा, ‘‘अक्सर में यह महसूस करता हूं कि हम छोटे-छोटे कारणों को लेकर एक दूसरे से लड़ते हैं।’’

राहुल ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘मैं नकारात्मक राजनीति में पडऩा नहीं चाहता । मैं सभी के प्रति आलोचनात्मक नहीं रहना चाहता। मैं सकारात्मक राजनीति में पडऩा चाहता हूं। क्योंकि सकारात्मक राजनीति ही इस देश को आगे ले जाएगी । नकारात्मक राजनीति देश को आगे नहीं ले जाने वाली।’’

राहुल ने कहा कि देश में चीजों में बदलाव लाने और युवाओं को राजनीति में लाने के लिए कांग्रेस पार्टी सबसे शक्तिशाली हथियार है। ‘‘मैं कांग्रेस परिवार की पहुंच को अधिक से अधिक युवाओं और अनुभवी लोगों तक बनाना चाहता हूं और इस औजार का इस्तेमाल देश के बदलाव के लिए करना चाहता हूं ।’’

उन्होंने कहा कि भारत एक गतिशील देश है और यह देश आश्चर्य कर सकता है। इस देश में हर दिन ढेर सारी सकारात्मक चीजें होती हैं और मैं समझता हूं कि उनपर भी ध्यान केन्द्रीत किये जाने की जरूरत है।

यह पूछे जाने पर कि तमिलनाडु के लिए उनका क्या संदेश है, उन्होंने कहा कि तमिलनाडु के लिए वही संदेश है जो देश के बाकी हिस्सों के लिए है। वही संदेश आंध्र प्रदेश के लिए है जो देश के बाकी हिस्सों के लिए है।

राहुल ने पार्टी के कार्य समिति के सदस्यों, महासचिवों, सचिवों और अन्य पदाधिकारियों के साथ अनौपचारिक चर्चा की और उन्हें कहा कि व्यक्तिगत रूप से और सामूहिक रूप से अब इस तरह की मुलाकात अकसर होती रहेगी।

उन्होंने कहा कि नेताओं से कहा कि पार्टी को आगे ले जाने के लिए हम मिलजुल कर काम करेंगे । चर्चा के दौरान हाल में सम्पन्न चिंतन शिविर का भी जिक्र आया।

पार्टी वरिष्ठ नेताओं के साथ अपनी मुलाकात के दौरान उन्होंने कहा कि पार्टी में अहमद पटेल, मोतीलाल वोरा, मोहसिना किदवई जैसे नेता हैं जिनका राजनीति का अनुभव उनकी उम्र से ज्यादा है और आशा है कि उनके अनुभव का लाभ मिलेगा ।

पार्टी महासचिव एवं मुख्य प्रवक्ता जर्नादन द्विवेदी ने कहा कि यह कोई बैठक नहीं थी । वह (राहुल) शिष्टाचार के नाते पार्टी पदाधिकारियों से मिले और उनके साथ कुछ देर बैठे और चर्चा की। वह अपने कमरे में भी गए।

राहुल के पार्टी मुख्यालय आने की खबर पाकर पार्टी के कुछ कार्यकर्ताओं वहां इकट्ठा हो गये और उन्होंने नारे लगाकर उनका अभिवादन किया।

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