
भारत और चीन के बीच पूर्वी लद्दाख में 52 महीनों से चल रहा सीमा तनाव सुलझ गया है। दोनों देशों के बीच सैन्य और कूटनीतिक स्तर पर चली कवायद के बाद एलएसी पर गश्त और सैन्य तनाव घटाने पर सहमति बनी है। दोनों देशों के बीच हुए समझौते को लेकर विशेषज्ञों ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। पूर्व विदेश सचिव हर्ष वर्धन श्रृंगला का कहना है कि पूर्वी लद्दाख में एलएसी पर गश्त व्यवस्था के समझौते से दोनों देशों के बीच तनाव कम होने की संभावना है।
मई 2020 में पूर्वी लद्दाख में एलएसी पर चीनी सेना की कार्रवाई के कारण गतिरोध पैदा होने के समय विदेश सचिव रहे श्रृंगला ने बताया कि बातचीत में मजबूती से संतोषजनक निष्कर्ष निकला है। उन्होंने कहा, ‘मुझे लगता है कि समझौता हमें आगे बढ़ने का एक रास्ता देता है। यह याद किया जाएगा कि जब शत्रुता शुरू हुई थी, तब चीन ने सैनिकों को इकट्ठा किया था और वे सैनिक अभी भी वहां हैं। इसलिए मुझे लगता है कि विघटन के बाद, हमें तनाव कम करने पर विचार करना चाहिए।
