
नई दिल्ली
अगस्त के पहले सप्ताह में 1.5 फीसदी रही कोरोना से मृत्युदर, जून के मुकाबले आधी
बीते सात दिनों से रोजाना औसतन 14 लोगों की मौत, जून में यह आंकड़ा 74 का था
राजधानी में कोरोना की मृत्यु दर में लगातार कमी आ रही है। इस माह के पहले सप्ताह में यह दर घटकर महज 1.5 फीसदी रह गई है, जो जून महीने के मुकाबले आधी है। अब संक्रमण से रोजाना औसतन 18 लोगों की मौत हो रही है। जून में यह आंकड़ा 74 और जुलाई में 40 का था। सरकार की ओर से उठाए जा रहे कदमों से मौत की संख्या कम हो रही है।
दिल्ली स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक, 31 जुलाई से 6 अगस्त के बीच संक्रमण के आठ हजार मामले आए और 120 लोगों की मौत हुई। इस हिसाब से देखें तो मृत्यु दर 1.5 फीसदी रही। वहीं, जून महीने में कोविड-19 के 67,800 मामले आए थे और रिकॉर्ड 2,220 मरीजों की मौत हुई थी। तब मृत्यु दर 3.2% थी। उस दौरान रोजाना औसतन 74 लोगों की जान गई थी।
जुलाई माह में संक्रमण के 47,900 केस आए थे और 1,160 लोगों की कोरोना से जान गई थी। इस हिसाब से जुलाई में मृत्यु दर 2.5 थी। जो अगस्त के पहले सप्ताह में 1.5 फीसदी रह गई है। यानी,जून से अगस्त के दौरान कोरोना से होने वाली मौतों में करीब 2 % क़ी कमी आई है।
स्वास्थ्य विभाग की ओर से मौत के आंकड़ो को कम करने के कई कदम उठाए गए। आईसीयू बेड की संख्या को बढ़ाकर दो गुना किया गया। सभी अस्पतालों में बेड की संख्या भी बढ़ाकर 15 हजार से अधिक की गई। मरीजों को समय पर अस्पताल पहुंचाया जा सके। इसके लिए कई नयी एंबुलेंस को बेडे में शामिल किया गया। एक नया कंट्रोल रूम बनाया गया। जहां एंम्बुलेंस के लिए आने वाली कॉल की जानकारी संबंधित कर्मचारी तक पहुंचाई गई।
अस्पतालों के वैटिंग ऐरिया में भी मरीज के प्राथमिक उपचार के इंतजाम किए गए। इससे बीते दिनों कोविड अस्पतालों में होनी वाले मौतों में कमी आई,जिससे मृत्यु दर भी कम हो गई। सरकार की ओर से होम आइसोलेशन में रहने वाले मरीजों के लिए ऑक्सीप्लस मीटर की व्यवस्था की गई। इससे मरीजों को उनके शरीर में ऑक्सीजन की कमी का पता चला और वे समय रहते अस्पताल में भर्ती हो गए।
सरकार की कोशिश कोविड मृत्यु दर को शून्य पर लाया जाए
दिल्ली सरकार की कोशिश है कि कोविड से मौत के आंकड़ो को शून्य पर लाया जाए। बीते दिनों सरकार ने कोरोना से हो रही मौतों के मूल्यांकन के लिए चार समितियों का गठन किया था। समितियों ने अपनी रिपोर्ट सरकार को सौंप दी है। इसमें मौत के आंकड़ो को कम करने के लिए जो सुझाव दिए गए हैं,सरकार उनको लागू करने के लिए कदम उठा रही है। इसके तहत सभी अस्पतालों में समय पर गंभीर मरीजों की पहचान कर उन्हें आईसीयू में भर्ती किया जा रहा है। साथ ही कुछ अस्पतालों में आईसीयू बेड की संख्या को और बढ़ाया जा रहा है।
इस प्रकार कम होती गई मृत्यु दर
महीना मामले मौत मृत्यु दर
जून 67800 2,220 3.2
जुलाई 47900 1,160 2.5
अगस्त 8,000 120 1.5
