
बसपा ने अल्पसंख्यकों का साथ नहीं दिया
इस अवसर पर यादव ने कहा कि कैसर आलम अंसारी जैसे नेताओं के सपा में आने से स्पष्ट हो चुका है कि गरीबों, अल्पसंख्यकों और कमजोरों की लड़ाई लडऩे वाले नेता सपा के साथ हैं। बसपा ने कभी भी अल्पसंख्यकों का साथ नहीं दिया है। सपा ने एक से एक बढ़कर मुस्लिम नेताओं को स्थापित किया है, इसके विपरीत तीन बार भारतीय जनता पार्टी(भाजपा) के साथ मिलकर सरकार बना चुकी बसपा का रवैया मुसलमानों के प्रति हमेशा नकारात्मक रहा है।
भाजपा, बसपा नेताओं को अपने गिरेबान में झांकना चाहिए
उन्होंने दावा किया कि समाजवादी पार्टी पुन: बहुमत से सरकार बना रही हैं। भाजपा व बसपा की बेचैनी से पता चलता है कि दोनों दल अपना जनाधार खो चुके है। भाजपा के शासनकाल में 550 लोग प्रतिदिन रोजगार के अवसर से वंचित हुए जबकि उत्तर प्रदेश की समाजवादी सरकार की आर्थिक नीतियों से यहां रोजगार दर में वृद्धि दर्ज हुई है। सपा अध्यक्ष ने कहा कि बसपा एवं भाजपा की मिलीभगत जग जाहिर हो चुकी है। सपा से सवाल पूछने से पहले भाजपा बसपा नेताओं को अपने गिरेबान में झांकना चाहिए। समाजवादी पार्टी का कोई विकल्प नहीं है।
