
पालमपुुर। पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल पालमपुर में शांता निवास के बजाए सीधा पूर्व विस अध्यक्ष तुलसी राम के घर गए। धूमल यामिनी जाने के बजाय अपने समर्थकों सहित महज पचास गज की दूरी से ही लौट गए। हालांकि दोनों खेमों के नेताओं की त्रिलोक के होटल में मौजूदगी जरूर देखी गई।
शनिवार को पालमपुर में भाजपा नेता के यहां आयोजित कार्यक्रम खत्म होते ही धूमल ने समर्थकों के साथ पालमपुर के ही बिंद्रावन स्थित पूर्व विस अध्यक्ष तुलसी राम के घर अनौपचारिक बैठक की। सूत्रों के मुताबिक इस बैठक में पालमपुर मंडल भाजपा के चुनावों को लेकर एक बार फिर पदाधिकारियों ने धूमल के सामने अपना गुबार निकाला। नाराजगी जाहिर करने वालों में वो लोग शामिल थे जिन्हें अध्यक्ष पद पर मंडल अध्यक्ष संजीव सोनी की ताजपोशी नागवार गुजरी है। मंडल अध्यक्ष पद के लिए खडे़ इन भाजपा पदाधिकारियोें ने उक्त चुनावों पर सवाल उठाते हुए कहा कि ये मंडल चुनाव नियमों को ताक पर रख कर किए गए हैं, जो उन्हें मंजूर नहीं है। बताते हैं कि इन पदाधिकारियों ने धूमल से इस मामले में हस्तक्षेप की मांग की है। खास बात यह है कि विरोध जताने वाले पदाधिकारी कभी शांता और पूर्व विधायक प्रवीण के करीबी रहे हैं। लेकिन चुनावों के बाद बदले समीकरणों से राजनीतिक सुर भी बदल गए हैं। चूंकि नवनिर्वाचित मंडल अध्यक्ष को पूर्व विधायक प्रवीण शर्मा का समर्थन प्राप्त है। अब देखना यह है कि धूमल खेमा शांता कैंप में अपना दखल देता है या नहीं। बहरहाल, मंडल स्तर से शुरू हुआ यह पूरा सियासी ड्रामा किस ओर करवट लेता है। मंडल कार्यकर्ताओं की नजरें इस पर टिक गई हैं।
