

राज्य में कांग्रेस के सत्ता में आने के बाद एचपीसीए केस को आधार बनाते हुए आरएस गुप्ता को े26 जुलाई 2013 को चार्जशीट किया गया था।
उन पर आरोप था कि अनुराग ठाकुर की अध्यक्षता वाली हिमाचल प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन को होटल द पवेलियन के लिए सप्लीमेंटरी लीज देने के आवेदन को उन्होंने बिना एनओसी लिए सरकार को फारवर्ड किया, जिसकी मंशा एचपीसीए को फायदा पहुंचाने की थी।
अधिकारी ने कैट में किया था

इसके खिलाफ गुप्ता ने केंद्रीय प्रशासनिक ट्रिब्यूनल (कैट) में केस दर्ज किया है। केस की सुनवाई 14 अगस्त 2014 को तय है। इससे पहले सोमवार को सरकार ने ये चार्जशीट ड्राप कर दी। आर्डर में लिखा गया है कि चूंकि आरएस गुप्ता अब रिटायर हो गए हैं, इसलिए इस कार्रवाई को वापस लिया जा रहा है।
कार्मिक विभाग से इस संबंध में फाइल 16 जुलाई 2014 को ही मुख्यमंत्री को चली गई थी। इसी केस में वित्तायुक्त राजस्व और कार्मिक विभाग दोनों ही पहले ही अपनी राय दे चुके थे कि आरएस गुप्ता के खिलाफ केस नहीं बनता।
मुख्यमंत्री के पास भी इस मसले पर कई बार शीर्ष अफसरों की बैठकें हुई थीं। मुख्य सचिव पी. मित्रा ने पुष्टि की कि आरएस गुप्ता के खिलाफ चार्जशीट वापस ले ली गई है।
चार्जशीट में इनके नाम शामिल

