
घुमारवीं (बिलासपुर)। प्रंचड गर्मी में जिले भर के विभिन्न क्षेत्रों में पानी की किल्लत चरम सीमा पर है। विकास खंड झंडूता के तहत ग्राम पंचायत बैरी मियां व गेहड़वीं के दर्जनों गांवों में पानी की समस्या सैकड़ों लोगों को सता रही है। लंबे समय से चली आ रही इस समस्या से निपटने के लिए विभाग की यहां पर पानी का स्टोरेज टैंक बनाने की योजना थी। कुछ वर्ष पहले चंगर गेहड़वी में टैंक बनाने लिए पैसा स्वीकृत होने के बावजूद भी यहां पर टैंक नहीं बन पाया है। विभाग की योजना फाइलों में ही सिमट कर रह गई। ग्रामीण पानी के लिए दर बदर भटकने को मजबूर है।
नलों के सूख जाने के बाद अब क्षेत्र के गांवों में विभाग की ओर से लगाए गए अधिकतर हैंडपंप भी सूखे पड़ गए। इससे लोगों की समस्या दोगुना हो गई है। क्षेत्र के गांवों पंजवान, तराड सेन में लगभग तीन चार पहले विभाग की पानी की स्कीमें चलाने की योजना थी। कई साल बीत जाने के बावजूद भी धरातल पर लोगों के लिए कोई योजना सिरे नहीं चढ़ पाई है। उधर आईपीएच विभाग के मंडल घुमारवीं के अधिशासी अभियंता ओपी भंटगुरू ने कहा कि क्षेत्र में जितने भी हैंडपंप खराब हैं, उन्हें जल्द ही दुरुस्त किया जाएगा।
गेहड़वी और बैरी मियां के ग्रामीणों ने मंगलवार को आईपीएच मंडल घुमारवीं के अधिशासी अभियंता ओपी भटगुंरू को समस्या के समाधान के लिए ज्ञापन सौंपा। ग्रामीणों कृष्णा सिं चंदेल, हुक्म सिंह ठाकुर, बली राम, मुख्तयार सिंह, मुलतान सिंह, जसवंत सिंह, रविंद्र, दिनेश सिंह कृष्ण सिंह चंदेल का एक प्रतिनिधिमंडल पानी की समस्या को लेकर अधिशषी अभियंता से मिला। अधिकारियो से क्षेत्र में खराब चल रहे हैंडपंपों को ठीक करने आग्रह किया है।
