कहीं कंप्यूटर तो कहीं प्रोजेक्टर खराब

ऊना। स्कूलों में आईटी विषय को लेकर कई खामियां उजागर होने से विभागीय अधिकारियों के कान खड़े हो गए हैं। कहीं कंप्यूटर खराब पड़े हैं तो कहीं प्रोजेक्टरों की हालत खराब है। टाइम टेबल पर भी आईटी विषय को नहीं दर्शाया जा रहा है। इस तरह की शिकायतों पर निरीक्षण के बाद खामियाें का खुलासा हुआ। शिक्षा उपनिदेशक कार्यालय ने स्कूल मुखियाओं को व्यवस्था सुधारने के निर्देश जारी किए हैं।
जिला भर के सरकारी स्कूलों में पढ़ाए जा रहे आईटी विषय एवं स्मार्ट क्लास रूम से जुडे़ विषयों का टाइम टेबल सही रूप से लागू न किए जाने पर शिक्षा विभाग ने कड़ा एतराज जताया है। विभाग ने स्कूलों को निर्देश जारी किए हैं कि आईटी विषय को स्कूलों के टाइम टेबल में सही तरीके से शामिल किया जाए। आईटी प्रयोगशालाओं में कंप्यूटरों का रखरखाव भी उचित तरीके से किया जाए। शिक्षा उपनिदेशक उच्चतर आरसी टबयाल ने कहा कि कई स्कूलों के निरीक्षण के दौरान आईटी विषय से संबंधित कई खामियां उजागर हुई हैं। टाइम टेबल के साथ-साथ आईटी शिक्षा के लिए प्रयोग में लाए जा रहे कंप्यूटरों का उचित रखरखाव न किए जाने की भी बातें सामने आईं। स्मार्ट कक्षाओं में प्रयोग किए जा रहे प्रोजेक्टरों के खराब होने संबंधी शिकायतें भी मिलीं। लंबे समय से इन्हें ठीक न करवाए जाने से बच्चों की शिक्षा पर प्रतिकूल प्रभाव भी पड़ सकता है। इस संबंध में स्कूल मुखियाओं को कड़े निर्देश जारी करते हुए व्यवस्था सुधारने को कहा है। उन्होंने कहा कि जिला के सभी सरकारी स्कूलों में आईटी विषय पढ़ाया जा रहा है और स्मार्ट कक्षाएं लगाई जा रही हैं। स्कूलों प्रमुखों को निर्देश दिए गए हैं व्यवस्था को सुधारने के बाद पूरी रिपोर्ट उनके कार्यालय में प्रेषित करें। उपनिदेशक ने कहा कि जिन स्कूलों में कंप्यूटर या आईटी से जुड़े दूसरे उपकरण खराब पड़े हैं। इसकी जानकारी तुरंत उनके कार्यालय में भेजी जाएं।

Related posts