
शिमला। मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने कहा कि हिमाचल प्रदेश आवास एवं अन्य सन्निर्माण कामगार कल्याण बोर्ड में पंजीकृत कामगारों को बर्तनों सहित इंडक्शन और एलपीजी या सोलर लैंप एकमुश्त प्रोत्साहन के रूप में उपलब्ध करवाए जाएंगे। यह निर्णय वीरवार को मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह की अध्यक्षता में आयोजित हिमाचल प्रदेश आवास एवं अन्य सन्निर्माण कामगार कल्याण बोर्ड की समीक्षा बैठक में लिया गया। उन्होंने कहा कि ऊना, सोलन तथा मंडी जिलों में तीन श्रमिक हॉस्टल का निर्माण किया जाएगा, जिससे उन्हें बेहतर आवासीय सुविधा उपलब्ध हो सके।
उन्होंने निर्देश दिए कि शिमला में श्रमिक हॉस्टल के निर्माण के लिए उचित भूमि का चयन करें। कहा कि इन चार छात्रावासों के निर्माण पर 10 करोड़ रुपये की राशि व्यय की जाएगी। पंजीकृत कामगारों की दुर्घटना में मृत्यु होने पर उनके कानूनी वारिसों को एक लाख रुपये की राशि प्रदान की जाएगी। कामगारों के आश्रितों को अब कामगार की प्राकृतिक मृत्यु पर 50 हजार रुपये प्रदान किए जाएंगे। वर्तमान में बोर्ड की ओर से दो बच्चों के विवाह के लिए लाभार्थियों को 21 हजार रुपये उपलब्ध करवाए जा रहे हैं। यह निर्णय लिया गया है कि लाभार्थी को अपने विवाह के लिए भी लाभान्वित किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने इस राशि को वर्तमान में 21 हजार रुपये से बढ़कर 25 हजार रुपये करने की घोषणा की। उद्योग, श्रम एवं रोजगार तथा सूचना एवं जनसंपर्क मंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार कामगारों के लिए विभिन्न कल्याण योजनाओं का प्रभावी कार्यान्वयन सुनिश्चित बना रही है। बोर्ड के अध्यक्ष बावा हरदीप सिंह ने विभिन्न उपलब्धियों की विस्तृत जानकारी दी। बोर्ड के मुख्य कार्यकारी अधिकारी डीके मांटा, मुख्य सचिव पी मित्रा, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव वीसी फारका, प्रधान सचिव वित्त डा. श्रीकांत बाल्दी, प्रधान सचिव उद्योग आरडी धीमान, श्रम आयुक्त बीआर वर्मा तथा अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी बैठक में उपस्थित थे।
