
ददाहू (सिरमौर)। मुख्यमंत्री के उड़न खटोले को उतरने में बाधा बन रही बिजली की तारों को हटाने के लिए बिजली बोर्ड ने कसरत शुरू कर दी है। ददाहू में गिरी और जलाल नदी के तट पर बने अस्थायी हैलीपेड से बिजली की तारों को हटाने के लिए अधिकारियों को आदेश मिल चुके हैं। तारों को हटाने और दूसरे स्थान पर शिफ्ट करने के लिए विभाग के अधिकारी प्लान तैयार करने में जुट गए हैं।
ददाहू में हैलीपेड के निकट से करीब 400 मीटर लंबी तारों को हटाए जाने की योजना है। इसमें पालर और धौलाकुआं के अतिरिक्त ददाहू को धारटीधार अज्ञैर नाहन क्षेत्र से बिजली आपूर्ति से जोड़ने वाली मुख्य तारें शामिल हैं। उल्लेखनीय है कि बीती 12 नवंबर को मुख्यमंत्री का हैलीकाप्टर ददाहू में उतरने से पहले इन तारों में फंसने से बाल-बाल बच गया था। बताया जा रहा है कि तकनीकी समस्या के कारण ही 17 नवंबर को राज्यपाल का हैलीकाप्टर से रेणुका आने का कार्यक्रम भी रद हो गया था। बाद में ऊर्जा निगम के अधिकारियों को इन तारों को हटाने के आदेश मिले थे। ऊर्जा निगम ददाहू के सहायक अभियंता सलीम हुसेन ने आदेश मिलने की पुष्टि की है।
तारों को हटाना बोर्ड के लिए बना मुसीबत
विद्युत बोर्ड को 400 मीटर लंबी तारों को हटाना टेढ़ी खीर बना हुआ है। क्योंकि जिन स्थानों से तारों को हटाया जाना है उनमें 33 केवी के दो व 11 केवी के एक फीडर की कई तारें शामिल हैं। जिन पर ददाहू की बिजली का पूरा लोड है। विभाग इन तारों को हटाकर कहां ले जाएगा। इसके लिए योजना तैयार की जा रही है।
