अब देखने को नहीं मिलती दूल्हे की रंग-बिरंगी छतरी

रानीखेत। आधुनिकता शादी के पुराने रस्मो रिवाजों पर भारी पड़ने लगी है। विवाह के दौरान दूल्हे द्वारा इस्तेमाल की जाने वाली रंग बिरंगी छतरी हो या भोजन करते वक्त दुल्हन पक्ष की ओर से भेंट स्वरूप दी गई थाली में दूल्हे का भोजन करना अथवा दुल्हन को डोली में बैठाकर विदा करना, ये परंपराए अब कम ही देखने को मिलती हैं। शादी विवाह में आधुनिकता के दौर ने अब गांव गांव तक दस्तक देनी शुरू कर दी है। ग्रामीण क्षेत्रों में विवाह में अब टेंट व्यवस्था शुरू हो गई है। तांबे के बड़े तौले का चावल और कांसे से निर्मित बड़े भड्डू की दाल का स्वाद चखने को नहीं मिलता। पुरानी परंपराओं को इसी तरह बिसराया गया तो वह दिन दूर नहीं जब परंपराएं सिर्फ फोटो में ही शेष रह जाएंगी।

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