
आपकी प्रॉपर्टी परिवार के किस सदस्य के नाम है। शादी से पहले लड़के वालों से यह सवाल पूछना किसी भी बेटी या उसके पिता को बेहद अटपटा लगेगा। लेकिन, दून में सामने आए कुछ मामलों के बाद यह सवाल पूछना जरूरी हो गया है।
महिला संरक्षण अधिकारी के पास ऐसे मामले पहुंचे हैं, जिनमें महिलाओं को यह कहकर पति ने बाहर का रास्ता दिखा दिया कि प्रॉपर्टी मां के नाम है और मां नहीं चाहती कि वह संग रहे।
दरअसल एक मामले में सुप्रीम कोर्ट ने इस संबंध में रूलिंग दी थी और कुछ लोगों ने इस आदेश को महिलाओं के उत्पीड़न का जरिया बना लिया है।
ये हैं मामले
केस-1
बलबीर रोड निवासी प्रीत कौर की शादी 12 साल पहले हुई थी। अक्सर घर में किसी ना किसी वजह से झगड़े होते रहते थे। प्रीत ने बताया एक दिन पति ने कहा कि प्रॉपर्टी मां के नाम है, वो यहां नहीं रह सकती।
महिला बेटी संग मायके में रह रही है और लोगों के घरों में खाना बनाकर गुजारा कर रही है। जबकि ससुराल वालों के पास दो-दो मकान हैं और एक मकान खाली पड़ा है, उस पर ताला लगा हुआ है।
