
धर्मशाला। जिला कांगड़ा शिक्षा उपनिदेशक कार्यालय में वीरवार को टीजीटी काउंसलिंग का आगाज हो गया। पहले दिन टीजीटी कला की काउंसलिंग में कुल 74 अभ्यर्थियों में से 66 ही मौजूद रहे। जबकि आठ प्रार्थी काउंसलिंग से गैर हाजिर रहे। जिला कांगड़ा से कला विषय में टीजीटी टेट पास कुल 74 प्रार्थियों ने आवेदन किया था।
शिक्षा विभाग ने सभी कॉल लेटर जारी किए थे। बावजूद इसके आठ अभ्यर्थी काउंसलिंग से नदारद रहे। योग्यता होने के बावजूद इन अभ्यर्थियों ने अध्यापक की नौकरी को नकार दिया। वहीं शिक्षा विभाग की मानें तो गैरहाजिर रहने वाले अभ्यर्थियों को दोबारा काउंसलिंग में भाग लेने का मौका नहीं मिलेगा। इस तरह से आठ योग्य अभ्यर्थियों ने अध्यापक बनने का मौका गंवा दिया है। शुक्रवार व शनिवार को शिक्षा उपनिदेशक कार्यालय धर्मशाला में टीजीटी मेडिकल की काउंसलिंग आयोजित होगी। जबकि नॉन मेडिकल के योग्य अभ्यर्थियों के 25 व 26 नवंबर को साक्षात्कार होंगे। टीजीटी के लिए जिला कांगड़ा के कुल 348 पात्र प्रशिक्षित अध्यापकों ने आवेदन किया है, जिनमें से 276 गत वर्ष के हैं। जबकि चालू वर्ष में महज 73 पात्र उम्मीदवारों ने ही आवेदन किया है। इनमें टीजीटी कला के 74 उम्मीदवार, नॉन मेडिकल के 159 तथा मेडिकल के 116 उम्मीदवार शामिल हैं। इन्हें टीजीटी की नौकरी मिल सकती है। वहीं शिक्षा विभाग के उपनिदेशक भजन सिंह का कहना है कि गैर हाजिर रहने वाले अभ्यर्थी को दोबारा मौका नहीं दिया जाएगा। अभ्यर्थियों के साक्षात्कार तय शेड्यूल के अनुसार ही लिए जाएंगे।
