
मंडी। अध्यापक पात्रता परीक्षा उत्तीर्ण भाषा शिक्षकों का नियुक्ति का इंतजार खत्म नहीं हो पाया है। अब अभ्यर्थियों के सब्र का बांध टूटने लगा है। टेट उत्तीर्ण करने के दो वर्ष पश्चात भी इनकी नियुक्ति प्रक्रिया शुरू नहीं हो पाई है। सरकार की उपेक्षा पर संघ बिफर गया है। तेरह अक्तूबर को संघ का हमीरपुर में राज्यस्तरीय सम्मेलन होगा। जिसमें आगामी रणनीति तथा रूपरेखा तय की जाएगी। भाषा अध्यापक के लिए आयोजित टेट की परीक्षा के समय सरकार ने टेट उत्तीर्ण करने पर नियुक्ति की बात कही थी। बाद में इस पर हाईकोर्ट से रोक लग गई। अंतिम फैसला आज दिन तक नहीं हुआ। भाषा अध्यापकों के रिक्त 550 पदाें को भरने के लिए नवंबर 2011 में टेट की परीक्षा ली गई थी। जिसमें 2945 उम्मीदवाराें ने परीक्षा पास की थी, लेकिन नियुक्ति की आस लगाए बैठे टेट उत्तीर्ण भाषा अध्यापकाें की मांग पर सरकार की तरफ से अभी तक कोई सुनवाई नहीं हो पाई है। जबकि एलटी टेट के साथ आयोजित नॉन मेडिकल, शास्त्री शिक्षकों को नियुक्ति दे दी गई है।
टेट उत्तीर्ण भाषा अध्यापक संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष शक्ति राम का कहना है कि विभाग आरएंडपी रुल्स बनाने में ही उलझा रहा। आरएंडपी रुल्स अभी तक फाइलाें में ही बंद हैं। मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह से भी उन्हें कोरे आश्वासन ही मिले हैं। अब संघ चुप नहीं बैठेगा। अपने हक और सरकार के नकारात्मक रवैये को लेकर गांधी चौक हमीरपुर में प्रस्तावित राज्यस्तरीय सम्मेलन में संघ आंदोलन की आगामी रणनीति को अंतिम रूप प्रदान करेगा।
