
शिमला। चिटों पर भर्ती मामले में हिमाचल सरकार ने हाईकोर्ट को बताया है कि इस केस की जांच प्रगति पर है और संभव है कि दिसंबर 2013 तक इसे पूरा कर लिया जाए। राज्य सरकार ने अदालत के आदेशानुसार यह रिपोर्ट पेश की। मुख्य न्यायाधीश एम खानविलकर और न्यायाधीश कुलदीप सिंह की खंडपीठ ने आपराधिक मामला दर्ज होने के बाद वर्ष 2005 से आज तक हुई जांच का विस्तृत ब्योरा इस केस में तलब किया था।
मसला वर्ष 1993 से 1998 के बीच चिटों पर दी गई नौकारियों का है। अधीनस्थ सेवाएं चयन बोर्ड के पूर्व अध्यक्ष एसएम कटवाल की दायर याचिका की सुनवाई के पश्चात उक्त मामले में एफआईआर दर्ज होने के बाद जांच शुरू की गई थी। जब तक मामला हाईकोर्ट के समक्ष विचाराधीन रहा, जांच चलती रही। मगर न्यायालय की ओर से 22 मई 2008 को याचिका का निपटारा करने के बाद इस मामले पर प्रभावी कार्यवाही नहीं हुई। एसएम कटवाल ने उक्त मामले को लेकर हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश के नाम पत्र लिखे पत्र में कहा कि आज तक इस मामले में न तो जांच पूरी हो पाई, न ही आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। इस मामले की जांच के लिए अभय शुक्ला और हर्ष गुप्ता कमेटी का गठन किया था। कमेटी ने पाया कि वर्ष 1993 से 1998 तक हिमाचल प्रदेश सरकार के अंतर्गत आने वाले बोर्ड, निगम और यूनिवर्सिटी में कर्मचारियों को चिटों के आधार पर नौकरियां दी गई थी।
