
उत्तरकाशी। उक्रांद ने नई खनन नीति का विरोध कर प्रदेश सरकार पर खनन माफियाें से मिले होने का आरोप लगाया है।
उक्रांद की जिला कार्यकारिणी की बैठक में वक्ताओं ने कहा कि प्रदेश सरकार की नई खनन नीति प्रदेश हित में नहीं है। खनन के निजी हाथों में चले जाने से भ्रष्टाचार और कमीशनखोरी बढ़ जाएगी। इसलिए सरकार को खनन पूर्व की भांति जीएमवीएन या केएमवीएन को देना चाहिए। इससे बेरोजगार युवाओं को रोजगार मिलने के साथ ही निगम की आय में भी वृद्घि होगी। बैठक में निर्णय लिया गया कि यदि सरकार खनन को निजी हाथाें में देती है तो उक्रांद उग्र आंदोलन करेगा। इस मौके पर जिलाध्यक्ष पूरणचंद रमोला, केंद्रीय सह सचिव विष्णुपाल रावत, नागेंद्र जगूड़ी, भगवती प्रसाद बहुगुणा, देव सिंह पोखरियाल, गोविंद सिंह चौहान, ओम प्रकाश निरंकारी, कुंदन सिंह, अतोल पंवार, कमल पोखरियाल, रवींद्र नौटियाल, सतेंद्र मटूड़ा आदि मौजूद रहे।
