आठ को स्क्रब टायफस

कांगड़ा। शिमला के बाद अब डा. राजेंद्र प्रसाद मेडिकल कालेज टांडा में आठ रोगियों में स्क्रब टायफस के लक्षणों की पुष्टि हुई है। सात रोगियों का इलाज टांडा अस्पताल में चल रहा है, जबकि एक रोगी कांगड़ा के सिविल अस्पताल में उपचाराधीन है। अस्पताल प्रशासन ने इसकी रिपोर्ट सरकार के संबंधित विभाग को भी भेज दी है।
इस माह स्क्रब टायफस की आशंका के चलते मेडिकल कालेज में 18 रोगियों के ब्लड सैंपल लेकर जांच को लिए गए थे। रोगियों को तेज बुखार की शिकायत थी। चिकित्सकों ने स्क्रब टायफस की आशंका को लेकर इन रक्त के नमूने जांच के लिए भेजे। नमूने टांडा की माइक्रोबायोलाजी प्रयोगाशाला में जांचे गए। सिविल अस्पताल कांगड़ा से भी दो रोगियों के रक्त के नमूने जांच के लिए टांडा भेजे गए थे। इनमें से एक रोगी में स्क्रब टायफस के लक्षणों की पुष्टि हुई है। टांडा अस्पताल के एमएस डा. दिनेश सूद ने कहा कि 18 रोगियों के सैंपल जांच के लिए भेजे गए थे। माइक्रोबायोलाजी से आई रिपोर्ट के आधार पर आठ रोगियों में स्क्रब टायफस रोग के लक्षणों की पुष्टि हुई है। इसकी रिपोर्ट सरकार को भी भेज दी है। उन्होंने कहा कि सातों रोगियों का इलाज टांडा अस्पताल में जारी है। वहीं कांगड़ा अस्पताल के एसएमओ डा. सतीश शर्मा ने बताया कि दो रोगियों के सैंपल टांडा भेजे गए थे। इनमें से एक की पुष्टि हुई है।

लक्षण
तेज बुखार 104 से 105 तक जा सकता है
जोड़ों में दर्द और कंपकंपी के साथ बुखार
शरीर में ऐंठन, अकड़न या शरीर टूटा हुआ लगना
अधिक संक्रमण में गर्दन, बाजू के नीचे गिल्टियां होना

रोकथाम
शरीर की सफाई का ध्यान रखें
घर और आसपास के वातावरण को साफ रखें
घर के चारों ओर घास, खरपतवार नहीं उगने दें
घर और आसपास कीटनाशक दवाओं का छिड़काव करें
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ऐसे होता है स्क्रब टायफस
यह रोग एक जीवाणु (रिकटेशिया) से संक्रमित पिस्सू (माइट) के काटने से फैलता है जो खेतों, झाड़ियों व घास में रहने वाले चूहों में पनपता है। यह जीवाणु चमड़ी के माध्यम से शरीर में प्रवेश करता है और स्क्रब टायफस बुखार पैदा करता है।
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डीएवी की तनिका ने मारी बाजी
कांगड़ा। डीएवी कालेज में राव इक्नोमिक सोसाइटी के अध्यक्ष डा. प्रदीप कुमार की ओर से अंतरराष्ट्रीय साक्षरता दिवस के मौके पर साक्षरता तथा शांति पर लेख प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता में बीए तृतीय वर्ष की तनीका ने प्रथम, इसी कक्षा के अंकुश ने दूसरा और विशाली ने तीसरा स्थान हासिल किया। बीए तृतीय वर्ष की अल्का तथा बीए प्रथम साल की नेहा को सांत्वना पुरस्कार दिया गया। इस मौके पर कालेज के प्राचार्य डा. विरेंद्र भाटिया ने छात्र छात्राओं को सफल आयोजन की बधाई दी।

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