
अल्मोड़ा। उत्तराखंड परिवर्तन पार्टी ने पशुपालन विभाग में राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत प्रदेश में गाय खरीद घोटाले की जांच की मांग को लेकर आज कलक्ट्रेट प्रागंण में धरना दिया। इस मौके पर हुई सभा में वक्ताओं ने कहा कि अल्मोड़ा जिले में भी पशुपालकों ने जिला प्रशासन से गड़बड़ी की शिकायत की, लेकिन मामले में लीपापोती की गई। उन्होंने मामले की सीबीआई जांच की मांग उठाई।
उन्होंने आरोप लगाया कि अल्मोड़ा जिले में योजना के तहत काश्तकारों को घटिया नस्ल की गाय दे दी गईं। इसके बाद सीडीओ ने जांच की। जून माह में भैंसियाछाना और बाड़ेछीना के पशु चिकित्सकों ने खुले आम जांच को प्रभावित किया और सीडीओ के साथ अभद्रता की। प्राथमिकी दर्ज होने के बाद भी आरोपी दोनों डाक्टरों के खिलाफ कार्रवाई नहीं हुई है। सीडीओ ने मामले की जांच कर जिला प्रशासन और सरकार को पूरी प्रकरण की जांच काफी समय पहले सौंप दी है, परंतु मामला ठंडे बस्ते में डाल दिया गया है। उन्होंने मुख्य चिकित्साधिकारी पर भी आरोप लगाए हैं।
पार्टी ने मामले में प्रशासनिक और राजनैतिक मिलीभगत का आरोप लगाते हुए कहा है कि योजना के तहत पूरे प्रदेश में करोड़ों का घोटाला हुआ है, जिसकी सीबीआई जांच जरूरी है। उन्होंने मामले की विकास खंडवार उच्च स्तरीय जांच करने, आरोपी पशु चिकित्सकों के खिलाफ अपराधिक मामला दर्ज कर कार्रवाई करने, प्रकरण को दबाने वाले अधिकारियों की संलिप्तता की जांच करने की मांग की है। मांगों को लेकर प्रदेश के दुग्ध मंत्री को ज्ञापन भेजा। धरने में केंद्रीय अध्यक्ष पीसी तिवारी, रमेश दानू, रमेश चंद्र, एसएस कपकोटी, आफताब, रंजना सिंह, जीवन सिंह, शिवराज सिंह, योगेंद्र सिंह, लीला टम्टा, कमला जोशी, आनंदी मनराल, मुन्नी, हेमा बिष्ट, मो. साकिब, ललित चौधरी, राजू गिरि, गिरधर रौतेला, हेमा बिष्ट आदि ने भाग लिया।
