
मंडी। छात्र संसद के लिए शनिवार को घोषित चुनाव नतीजों में इस बार जिला मंडी के दस कालेजों में पैनल की 40 सीटों में से 17 पर छात्रा प्रत्याशियों ने अपने प्रतिद्वंद्वियों को मात देकर जीत हासिल की है। पूरे जिला में एबीवीपी ने 21, एनएसएयूआई ने आठ व एसएफआई को 11 सीटों पर जीत मिली है।
शनिवार को जिले के दस कालेजों में पैनल की 40 सीटों पर शांतिपूर्ण ढंग से चुनाव हुए। जिसमें एबीवीपी ने बासा, लंबाथाच, धर्मपुर कालेज, एमएलएसएम कालेज सुंदरनगर में पूरे पैनल पर कब्जा किया। इसके अलावा संस्कृत कालेज में तीन व वल्लभ कालेज में एक सीट जीत कर जिलाभर में अपना वर्चस्व कायम रखा। जबकि एनएसयूआई ने आठ सीट जीतने में कामयाबी हासिल की। जिसमें पधर कालेज में पूरे पैनल पर एनएसयूआई ने कब्जा किया। इसके मंडी कालेज में उपाध्यक्ष पद को छोड़ कर तीन सीटों पर कई सालों पर जीत का परचम लहराया। इसके अलावा संस्कृत सुंदरनगर में एनएसयूआई एक सीट जीत पाई। इस बार एसएफआई का भी जीत का ग्राफ बढ़ा है। सरकाघाट, जोगिंद्रनगर में पूरे पैनल पर एसएफआई का वर्चस्व रहा। जबकि करसोग में एसएफआई ने तीन सीट जीती।
जिला मंडी के सबसे बड़े वल्लभ कालेज मंडी में पैनल की तीन सीटों पर छात्रा प्रत्याशी विजयी रही। अध्यक्ष पद को छोड़ कर शेष तीन पदों पर छात्रा प्रत्याशियों ने चुनावी जंग में अपने प्रतिद्वंद्वी को शिकस्त दी। बासा, लंबाथाच में दो-दो सीटों पर छात्राओं ने बाजी मारी। धर्मपुर कालेज में तीन सीटों पर छात्रा प्रत्याशी विजय रही। संस्कृत कालेज में दो सीटों पर छात्राएं विजय रही। पधर, सरकाघाट, जोगिंद्रनगर, करसोग कालेज में एक-एक सीट पर छात्राओं ने परचम लहराया।
