
शिमला। कोटशेरा कॉलेज के पूर्व परिसर अध्यक्ष सहित तीन एनएसयूआई नेताओं को छह साल के लिए निष्कासित कर दिया गया है। कोटशेरा में एनएसयूआई के जिला अध्यक्ष की ओर से उतारे गए पैनल का विरोध करने पर छात्र नेताओं के खिलाफ कार्रवाई की गई है। एनएसयूआई के हिमाचल प्रभारी निखिल त्रिवेदी ने बुधवार को प्रेस वार्ता के दौरान छात्र नेताओं के निष्कासन की घोषणा की।
त्रिवेदी ने बताया कि कोटशेरा में लड़ाई करने वाले 8 लोगों पर एफआईआर दर्ज करवाई गई है। एनएसयूआई छात्र संघ चुनावों में हिंसा मुक्त वातावरण के नारे को लेकर उतरी है। एसएफआई और एबीवीपी हिंसात्मक माहौल बनने में लगी हैं। उन्होंने बीते साल के मुकाबले इन छात्र संघ चुनाव में एनएसयूआई के प्रदर्शन में सुधार का दावा किया। इस मौके पर एनएसयूआई के प्रदेशाध्यक्ष यदुपति ठाकुर व जिला अध्यक्ष अवरिंद धीमान भी उपस्थित रहे।
फूट डाल रहे कुछ कांग्रेस कार्यकर्ता : त्रिवेदी
एनएसयूआई के हिमाचल प्रभारी निखिल त्रिवेदी ने कहा कि कांग्रेस के ही कुछ कार्यकर्ता एनएसयूआई में फूट डालने की कोशिश कर रहे हैं। कोटशेरा कॉलेज में एनएसयूआई कार्यकर्ताओं की गुटबाजी के पीछे भी कुछ स्थानीय कांग्रेस कार्यकर्ता ही हैं। एनएसयूआई कार्यकर्ताओं में फूट डालने वालों की शिकायत तथ्यों के साथ राष्ट्रीय उपाध्यक्ष राहुल गांधी से की जाएगी। एनएसयूआई को कमजोर करने वालों को पार्टी से बाहर करवाया जाएगा।
30 सीटों पर निर्विरोध जीत का दावा
एनएसयूआई के प्रदेश अध्यक्ष यदुपति ठाकुर ने छात्र संघ चुनाव में प्रदेश भर में 30 सीटें निर्विरोध जीतने का दावा किया है। यदुपति का कहना है कि इन 30 सीटों पर एनएसयूआई के खिलाफ किसी भी संगठन ने अपने प्रत्याशी नहीं उतारे हैं।
