
उत्तरकाशी। सोमवार रात हुई मूसलाधार बारिश से चिन्यालीसौड़ से उत्तरकाशी तक आधा दर्जन से अधिक स्थानों पर हाईवे अवरुद्ध हो गया है। ऋषिकेश-देहरादून से उत्तरकाशी तक पहुंच वाले इस इकलौते हाईवे के बंद होने से उत्तरकाशी अलग-थलग पड़ गया है। बारिश से गंगोत्री हाईवे पर यातायात बहाली के प्रयासों को भी धक्का पहुंचा है।
चिन्यालीसौड़ से उत्तरकाशी की ओर बड़ेथी भट्टीखाला, धरासू बैंड, नालूपाणी, रुणवासा, नाकुरी, रतूड़ीसेरा, बंदरकोट, बड़ेथी चुंगी आदि स्थानों पर भारी मात्रा में मलबा आने से गंगोत्री हाईवे अवरुद्ध हो गया। कई जगह सड़क का बड़ा हिस्सा ढहने, कई जगह भूस्खलन से मलबा जमा होने से वाहनों की आवाजाही तो दूर पैदल चलना भी दूभर हो गया है। अवरुद्ध हिस्सों में दर्जनों यात्री वाहन फंसे हैं। स्थिति ऐसी बनी है कि न तो कोई उत्तरकाशी पहुंच पा रहा है और न ही यहां से बाहर निकलने की स्थिति बन पा रही है। यहां सब्जी, दूध आदि जरूरी वस्तुओं की आपूर्ति ठप होने से किल्लत गहराने लगी है।
आपदा के दो महीने बाद भी नेताला से आगे भटवाड़ी, गंगोत्री की ओर यातायात बहाल नहीं हो पाया है। रोजाना हो रही बारिश बीआरओ के यातायात बहाली के प्रयासों में अड़ंगा लगा रही है। बीते माह बीआरओ ने किसी तरह गंगोत्री से भटवाड़ी के बीच यातायात चालू किया था लेकिन गंगनानी के पास फिर सड़क अवरुद्ध होने से उपला टकनौर क्षेत्र के लोगों की परेशानी बढ़ गई है।
12 घंटे बाद खुला चंबा-धरासू हाईवे
कंडीसौड़ (टिहरी)। चंबा-धरासू राष्ट्रीय राजमार्ग मंगलवार को तीन अलग-अलग स्थानों पर 12 घंटे तक यातायात के लिए बंद रहा। सड़क बंद होने से दोनों ओर सैकड़ों लोग फंसे रहे। महिलाओं, बच्चों को अधिक दिक्कत झेलनी पड़ी। थौलधार क्षेत्र में मंगलवार को दूध, रसोई गैस, सब्जी, रसद की सप्लाई भी देर से हुई।
सोमवार रात हुई बारिश से कोटीगाड, ढिक्यारा, सिवालीगाड में सड़क पर भारी मात्रा में मलबा आ गया था। कोटीगाड में सड़क रात एक बजे बंद हो गई थी और मंगलवार सुबह 9 बजे तक यहां मलबा गिरता रहा। इससे बीआरओ भी मलबा हटाने का काम देर से शुरू कर सका। ढिक्यारा, सिवालीगाड में पूर्वाह्न 11.30 बजे मार्ग खुल गया था लेकिन कोटीगाड में दोपहर डेढ़ बजे बीआरओ को मार्ग खोलने में कामयाबी मिल पाई। कोटीगाड में अब भी मलबा गिरने का सिलसिला थमा नहीं है। लोग खतरे के साये में वाहनों को आर-पार कर रहे हैं। बारिश से हाईवे की स्थिति दिनोंदिन विकट होती जा रही है।
भारी बारिश सड़कों पर पड़ी भारी
रुद्रप्रयाग। भारी बरसात से राष्ट्रीय राजमार्गों सहित जिले के कई मुख्य मोटर मार्ग बंद हो गए हैं। मुख्यतया मयाली-गुप्तकाशी और ऊखीमठ-गोपेश्वर मोटर मार्ग बंद होने से केदारघाटी का यातायात संपर्क कट गया है। मोटर मार्गों के बंद होने से सब्जी, दूध, अखबार और अन्य आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति बाधित हो गई।
भारी बारिश से बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर सिरोहबगड़ में सोमवार रात 11 बजे मलबा आ गया, जिससे यातायात बंद हो गया। इस दौरान यहां से गुजर रही 108 एंबुलेंस पर भी पत्थर गिरे। मंगलवार सुबह नरकोटा, खांकरा के बीच चट्टान से पत्थर, मलबा बदरीनाथ राजमार्ग पर आ गिरे। बीआरओ ने सिरोहबगड़ में सड़क खोलने की कोशिश की लेकिन पहाड़ी से गिरते पत्थरों से मशीनों को काम करने में दिक्कतें होती रही। यहां ऊपर से पत्थर और मलबा गिर रहा है और नीचे सड़क कट रही है।
केदारनाथ राजमार्ग भी सिल्ली और नौला पानी में बंद हो गया था, जिसे बीआरओ ने एक बजे तक खोल दिया। तिलवाड़ा-घनसाली और मयाली-गुप्तकाशी मोटर मार्ग कई स्थानों पर ध्वस्त हो गया। पांजणा में गदेरे में 30 मीटर सड़क बह गई। इन सड़कों के ध्वस्त होने से केदारघाटी में सड़क संपर्क कट गया है। ऊखीमठ-चोपता-गोपेश्वर मोटर मार्ग भी नहीं खुल पाया है। इस मोटर मार्ग के ध्वस्त होने से ऊखीमठ क्षेत्र का संपर्क टूट गया है।
हाईवे पर गिरा पेड़, पांच घंटे यातायात ठप
पीपलकोटी/गोपेश्वर। मंगलवार सुबह छह बजे भारी बारिश के बीच गडोरा के पास एक पेड़ टूटकर हाईवे पर आ गया। जिससे वाहनों की आवाजाही सुबह 11 बजे तक ठप रही। स्थानीय लोगों के साथ ही बीआरओ के मजदूरों ने पेड़ की टहनियों को काटकर अलग किया। तब जाकर वाहनों की आवाजाही सुचारु हो पाई। गडोरा में नौगाड़ गदेरे में पानी बढ़ जाने से हाईवे बार-बार अवरुद्ध हो रहा है। जिससे लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। बीआरओ के कमान अधिकारी मेजर निकेश का कहना है कि प्रत्येक भूस्खलन क्षेत्र में एक-एक जेसीबी तैनात कर दी गई है।
ऋषिकेश-बदरीनाथ राजमार्ग बंद
गौचर। बारिश से ऋषिकेश-बदरीनाथ राजमार्ग कमेड़ा गांव से गौचर के बीच कई स्थानों पर क्षतिग्रस्त हो गया। कमेड़ा गांव के ऊपर पहाड़ी में भू-धंसाव से मलबा ऋषिकेश-बदरीनाथ राजमार्ग गौचर से कमेड़ा के बीच आने से मार्ग ध्वस्त हो गया। पहाड़ी से लगातार गिर रहे पत्थर और मलबे से बीआरओ को भी काम करने में खासी मुश्किलें झेलनी पड़ रही है। मंगलवार दिनभर राजमार्ग बंद रहा।बीआरओ के कमान अधिकारी अमरेंद्र सिंह ने बताया कि श्रीनगर से भी मशीनें मंगा दी हैं। बुधवार दोपहर तक राजमार्ग पर वाहनों की आवाजाही शुरू कर दी जाएगी।v\
