तो क्या इसी दिन के लिए लड़ी थी लड़ाई

आजादी के स्मारक का हाल::::::

टाइल्स टूटी, स्तंभ से मिटने लगे नाम
हल्द्वानी। जिन्होंने देश को आजादी दिलाने में जीवन गवां दिया, उनकी स्मृति में रामलीला ग्राउंड में 1994 में बना स्तंभ बदहाल है। रामलीला कमेटी ने स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों और क्रांतिकारियों की स्मृति में नाम लिखकर स्तंभ का निर्माण कराया, तब स्तंभ में सफेद रंग की टाइल्स लगाई थी, लेकिन सरकारी तंत्र की अनदेखी से स्तंभ उपेक्षित है। टाइल्स टूट गई हैं। स्तंभ पर लिखे नाम भी मिटने लगे हैं। न रामलीला कमेटी और न जिला प्रशासन ने आजादी के स्मारक की सुध ली है।

शहीदों के परिजनों की गाथा:::::

शहीद का दर्जा दिलाने को संघर्ष करना पड़े तो कैसा तंत्र?
हल्द्वानी। हमारे देश के नेता वोट की राजनीति करते हैं और झूठी तसल्ली देकर वाहवाही बटोरते हैं। जो देश की खातिर शहीद हुए उन्हें शहीद का दर्जा दिलाने के लिए महीनों तक संघर्ष करना पड़े तो यह कैसा तंत्र है?। यह कहना शहीद जयपाल सिंह अधिकारी के परिजनों का है। हिम्मतपुर तल्ला निवासी जयपाल सिंह 30 जुलाई 2011 को पिथौरागढ़ निवासी देवेंद्र सिंह के साथ कुपवाड़ा में दुश्मनों से मोर्चा लेते वक्त शहीद हो गए थे। जयपाल और देवेंद्र का पार्थिव शरीर उनके पैतृक गांव पहुंचने के बाद नेताओं ने शहादत पर राजनीति की रोटियां सेकी थी। देश की आन में शहीद हुए जयपाल और देवेंद्र को शहीद का दर्जा दिलवाने के लिए इनके परिजनोें को महीनों तक संघर्ष करना पड़ा। शहीद जयपाल सिंह की पत्नी बीना अधिकारी कहती हैं कि वो संघर्ष नहीं करती तो उनके पति को शहीद का दर्जा नहीं मिलता, लेकिन देवेंद्र के परिजन आवाज नहीं उठा सके, इसलिए वह अभी तक लड़ रहे हैं। पति को शहीद का दर्जा मिल गया, इसके बावजूद वो अब तक सिस्टम से लड़ रही हैं।

उपेक्षित है शहीद स्मारक स्थल
हल्द्वानी। शहीद मेजर चंद्रशेखर मिश्रा की स्मृति में नैनीताल रोड पर जजी कोर्ट के सामने सालों पूर्व शहीद स्मारक स्थल बनाया गया। इसमें चंद्रशेखर मिश्रा की प्रतिमा लगाई गई, लेकिन स्मारक स्थल उपेक्षित है। हाल इतने खराब हैं कि यहां बड़ी-बड़ी झाड़ियां होने के साथ ही कुछ लोग गंदगी भी फेेंकते हैं। सालों से सफाई नहीं हुई। स्मारक स्थल सफाई की बाट जोह रहा है। शहीदों की याद में इतने कार्यक्रम होते हैं, लेकिन इन स्मारकों की स्थिति जस की तस है।

एडवाइजरी
– जो लोग अंग्रेजों के जमाने के कानून से प्रभावित हैं, अपने सुझाव या समस्याएं बताना चाहते हैं वे इस मोबाइल नंबर पर 7830020459 संपर्क कर अपने विचार/समस्याएं रिपोर्टर को बता सकते हैं।

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