आउट सोर्सिंग आईटी कर्मियों ने मांगी ठोस नीति

चंबा। प्रदेश आईटी आउट सोर्सिंग कर्मचारी संघ ने अंतरराष्ट्रीय मिंजर मेले के समापन पर चंबा पहुंचे मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह से मुलाकात की और सीएम को एक मांग पत्र सौंपा। कर्मचारी संघ के जिला प्रधान राजेश कुमार ने कहा कि प्रदेश के विभिन्न विभागों में इस समय 1500 आईटी आउट सोर्सिंग कर्मचारी कार्यरत हैं। ये कर्मचारी सात आठ वर्ष से लगभग चार-पांच हजार के वेतन पर कंप्यूटर वर्क और लिपिकीय संबंध समस्त कार्य पूरी कर्त्तव्य निष्ठा से कर रहे हैं। आज दिन इन कर्मचारियों को आउट सोर्सिंग एजेंसियों ने वेतन बढ़ोतरी नहीं दी है। सरकार ने भी कर्मचारियों के भविष्य की ओर कोई ध्यान नहीं दिया है। कर्मचारियों ने बताया कि महंगाई के दौर में कम वेतन से परिवार का निर्वाह करना मुश्किल हो गया है। कर्मचारी संघ का कहना है कि जब तक सरकार कर्मचारियों के हित में नीति का निर्माण नहीं करती है, तब तक कर्मचारियों का भविष्य अधर में लटका रहेगा। संघ ने मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह से पैरा अध्यापकों और पीटीए के तर्ज पर आईटी आउट सोर्सिंग कर्मियों केे लिए नीति बनाने की मांग की है। कर्मचारियों का कहना है कि प्रदेश सरकार उनके लिए नीति बनाती है तो प्रदेश के समस्त कर्मियों का भविष्य सुरक्षित हो जाएगा। इस मौके पर संघ के महामंत्री तिलक राज, राज कुमार, सोहन सिंह, हेमराज, नम्रता, रीता, अनिल कुमार, रुचिका, परस राम, दिलीप, संजय, संजीव, रवि, तिलक, सुनील, छाया देवी और राजीव मौजूद रहे।

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