
बिलासपुर। कौशल विकास भत्ता योजना के अंतर्गत अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी बिलासपुर के कार्यालय में रोजगार विभाग बिलासपुर के अधिकारियों के साथ बैठक आयोजित की गई। अतिरिक्त दंडाधिकारी प्रदीप ठाकुर ने बताया कि 25 से 35 वर्ष के शिक्षित बेरोजगार को भत्ता दिया जाएगा। बिलासपुर को वित्तीय वर्ष 2013-14 के लिए चार करोड़ है।
उन्होंने बताया कि कौशल विकास भत्ता प्राप्त करने के लिए वही शिक्षित बेरोजगार पात्र होंग,े जिन्होंने हिमाचल प्रदेश सरकार से मान्यता प्राप्त बोर्ड से दस जमा दो की शिक्षा उत्तीर्ण की हों तथा वार्षिक आय दो लाख से अधिक न हो। आवेदक किसी भी रोजगार कार्यालय में दो वर्ष पूर्व पंजीकृत हो। जिला बिलासपुर मुख्यालय पर स्थित जिला रोजगार कार्यालय, घुमारवीं, श्री नयनादेवी में स्थित उप रोजगार कार्यालयों में कौशल विकास भत्ता से संबंधित फार्म उपलब्ध हैं। कौशल विकास भत्ता पात्र उम्मीदवार को किसी भी सरकारी या गैर सरकारी संस्था में उसका नाम पंजीकृत होने पर प्रशिक्षण प्राप्त करने के लिए दिया जाएगा। शारीरिक रूप से अक्षम उम्मीदवार जिनकी शारीरिक अक्षमता कम से कम 50 प्रतिशत हो, उसे 1500 प्रति माह भत्ता मिलेगा। अन्य उम्मीदवारों को एक हजार मासिक भत्ते मिलेगा। उम्मीदवार का हिमाचल का मूल निवासी हो। इस योजना के अंतर्गत मनरेगा में काम करने वाले लोग भी पात्र होंगे। पात्र युवाओं का पंजीकरण करते समय उनसे आधार नंबर लिया जाएगा ताकि यह राशि बैंक खाते में जा सके। जिला रोजगार कार्यालय बिलासपुर के सांख्यिकी अधिकारी इंद्रजीत ने बताया कि योजना का लाभ लेने के लिए काफी संख्या में युवा आ रहे हैं।
