
रानीखेत। विशुवा में कालापहाड़ दरकने से खतरे के मुहाने पर खड़े परिवार को प्रशासन ने सुरक्षित स्थान पर चले जाने की हिदायत दे दी है। संयुक्त मजिस्ट्रेट ने प्रभावित क्षेत्र का दौरा किया और इसे काफी संवेदनशील बताया। उन्होंने भूमि संरक्षण अधिकारी, वीडीओ को इस बारे त्वरित कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए हैं।
मालूम हो कि पहाड़ी दरकने की खबर को अमर उजाला ने विस्तृत रूप से प्रकाशित किया था। इसके बाद प्रशासन ने मुस्तैदी दिखाई। बृहस्पतिवार को तहसीलदार, राजस्व उपनिरीक्षक ने क्षेत्र का निरीक्षण किया, शुक्रवार को संयुक्त मजिस्ट्रेट डा. इकबाल अहमद स्वयं मौके पर पहुंचे। उन्होंने कहा कि आपदा की दृष्टि से यह स्थल काफी संवेदनशील बन गया है, भविष्य में और बारिश होने की संभावना जताई जा रही है। खतरे की जद में आ रहे गणेश जोशी के परिवार को उन्होंने मिशन इंटर कालेज में शिफ्ट हो जाने की हिदायत दी है। साथ ही भूमि संरक्षण अधिकारी, बीडीओ, राजस्व उपनिरीक्षक से क्षेत्र का मुआयना कर इस संबंध में त्वरित कार्रवाई करने को कहा है। कालापहाड़ दरकने लगा है। यदि भविष्य में बारिश होती है, तो भवन के अलावा कालिका मंदिर और मंदिर के ऊपर निवास कर रहे लोगों के लिए भी खतरा पैदा हो सकता है। 2010 में आई आपदा के चलते विशुवा के सिसौन तोक में भी भारी भूस्खलन हुआ था और कुछ भवन क्षतिग्रस्त हो गए थे।
