
राजगढ़ (सिरमौर)। वन विभाग ने यशवंतनगर में बैरियर के समीप गैंगहट पर एक ट्रक से अवैध तस्करी करके ले जाई जा रही लाखों रुपये की औषधीय जड़ी-बूटी बरामद की गई है। कीमती औषधीय जड़ी व पत्तियों के 82 बोरी टेक्सस वकाटा (गल्ला) के पत्ते तथा आठ बोरी सतवा बरामद करने में सफलता हासिल की। इन पत्तियों व जड़ी की बाजार भाव करीब सात आठ लाख रुपए आंकी जा रही है। वन विभाग ने ट्रक को माल सहित जब्त करके मामला आगामी छानबीन के लिए पुलिस को दे दिया है।
यशवंतनगर में स्थित वन विभाग के बैरियर प्रभारी जंग बहादुर तथा वन रक्षक वीरेंद्र कुमार ने एक गुप्त सूचना के आधार पर शनिवार प्रात: राजगढ़-सोलन मार्ग में यशवंतनगर में गैंगहट के समीप प्रात: पांच बजे से नाका लगा रखा था। एक आईशर ट्रक नंबर एचपी 16 2429 जोकि करगाणू निवासी योगराज का है और वह स्वयं ही इसे चला रहा था को प्रात: करीब सात बजे रोका और उसमें 90 बोरियों में पत्तियां भरी हुई थी। वन कर्मियों ने इसे खोल कर देखा तो इसमें प्रतिबंधित औषधीय जड़ी सतवा तथा टेक्सस वकाटा की हरी पत्तियां भरी थी।
वन विभाग ने ट्रक को माल जब्त करके राजगढ़ लाया और इसका वजन किया। वन परिक्षेत्राधिकारी अमर सिंह ने बताया कि इसमें कुल 90 बोरियां व एक थैला बरामद किया गया। इसमें 8 बोरियों तथा एक थैले में 258 किलो सतवा की जडे़ं तथा 82 बोरियों में 35 क्विंटल 61 किलो टेक्सस वकाटा की पत्तियां पाई गई। इन सब की कीमत वन विभाग करीब सात लाख आंकी है। जबकि बाजार भाव से यह करीब आठ से दस लाख तक हो सकती है।
वन परिक्षेत्राधिकारी ने बताया कि ट्रक के मालिक योगराज ने उन्हें बताया है कि यह माल पुलवाहल से अमृतसर के लिए जिला शिमला की चौपाल तहसील के थाना जोड़ना निवासी लायकराम ने लदाया था और कहा था कि उसके पास इसकी अनुमति है। यह किसका माल है और कहां से आया है इसकी जांच के लिए वन विभाग इस मामले को पुलिस को दे रही है।
