
शिमला। गाड़ियों की टक्कर के बाद लगने वाले ट्रैफिक जाम से निजात मिल जाएगी। हादसे के बाद तब तक चालक गाड़ी नहीं हटाते जब तक फोटोग्राफ नहीं हो जाते। इस प्रक्रिया में कई मर्तबा एक घंटे से अधिक का वक्त लग जाता है। सर्कुलर रोड की संकरी सड़कें होने के कारण गाड़ियों दोनों ओर से गुजर नहीं पाती। अब महकमा कर्मचारियों को वीडियो कैमरे मुहैया करवा रहा है। इस तरह की घटना होने पर पुलिस ही मौके पर गाड़ियों के फोटोग्राफ लेगी और तुरंत दुर्घटनाग्रस्त गाड़ियों को हटा दिया जाएगा। आम शहरी के लिए राहत भरी खबर है।
पुलिस महकमा ये कैमरे ट्रैफिक विंग के जांच अधिकारियों को देगा। सब इंस्पेक्टर से लेकर एएसआई रैंक के अधिकारी शामिल होगे। इसके अलावा पुलिस महकमे पर तोहमत लगाने वाले लोगों की हकीकत भी कैमरे में कैद की जाएगी। अमूमन विभाग के पास शिकायतें पहुंचती हैं कि उनकी गाड़ी का गलत चालान किया गया। पार्किंग स्थल पर खड़ी होने के बावजूद पुलिस ने जुर्माना लगा दिया। शील्ड रोड पर तीन हजार का नंबरी चालान कर दिया, जबकि उसकी गाड़ी वहां से गुजरी ही नहीं थी। इन शिकायतों को बिना सबूत के खंगालना विभाग के लिए मुश्किल हो जाता है। अब चालान करने से पहले पुलिस को गाड़ी की वीडियोग्राफी करनी होगी और इसका रिकार्ड अपने पास रखना होगा। इसे अदालत में पेश किया जाएगा। डीएसपी ट्रैफिक पुनीत रघु ने कहा कि जांच अधिकारियों को कैमरे दिए जा रहे हैं। अब इसी प्रक्रिया के तहत पुलिस ट्रैफिक नियमों की अवेहलना करने वालों के खिलाफ कार्रवाई करेगी।
