
शिमला। राज्य कांग्रेस अध्यक्ष सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने शिमला शहरी कांग्रेस को वन टाइम सेटलमेंट पालिसी के मुद्दे पर आंदोलन से गुरेज न करने की सलाह दी है। रविवार को जिला कांग्रेस कमेटी शिमला शहरी की आम सभा को संबोधित करते हुए सुक्खू ने कहा कि आम जनता से जुड़े मुद्दों को सरकार तक पहुंचाना पार्टी का कर्तव्य है। उन्होंने कहा कि शहरी कांग्रेस द्वारा उठाए जाने वाले जनहित के मुद्दों को वे प्राथमिकता के आधार पर सरकार के समक्ष उठाएंगे।
सुक्खू ने कहा कि पार्टी के प्रति समर्पित और निष्ठावान कार्यकर्ताआें को पार्टी में पूरा सम्मान दिया जाएगा। सरकार और संगठन के तालमेल पर बल देते हुए उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं की आवाज को सरकार तक पहुंचना पार्टी प्रतिनिधि का कर्तव्य होता है, जिसे बखूबी निभाने का प्रयास किया जाएगा। संगठन में बेहतर तालमेल के लिए शिमला शहरी कांग्रेस को नियमित तौर पर हर माह बैठक करने के निर्देश दिए गए हैं। इससे पूर्व शहरी कांग्रेस अध्यक्ष प्रदीप सिंह भुज्जा ने राज्य अध्यक्ष को शिमला शहर में वन टाइम सेटलमेंट पालिसी, मालिकाना हक व रेंट कंट्रोल एक्ट की आवश्यकता से अवगत करवाया। व्यापार मंडल के पूर्व अध्यक्ष और वरिष्ठ कांग्रेस नेता कंवलजीत सिंह ने संगठन में अल्पसंख्यकों व कारोबारियों को अधिमान देने की मांग की। बैठक में जिला कांग्रेस कमेटी शिमला शहरी के महासचिव संजीव कुठियाला, जितेंद्र चौधरी, पूर्व अध्यक्ष अरुण शर्मा, ओम प्रकाश सूद, आनंद कौशल, पूर्व विधायक हरभजन सिंह भज्जी, पूर्व महापौर मधु सूद, जैनी प्रेम, सोहन लाल, नगर निगम पार्षद सुरेंद्र चौहान, सुशांत कपरेट, प्रवीण कुमार, उमा कौशल, सुषमा कुठियाला व पूर्व पार्षद अशोक सूद उपस्थित रहे।
मेयर, डिप्टी मेयर खिंचवाते है सीएम के साथ फोटो
आम सभा के दौरान अपने संबोधन में निगम पार्षद सुशांत कपरेट ने कहा कि शहर में कांग्रेस की योजनाओं का श्रेय सीपीआईएम ले रही है। मेयर और डिप्टी मेयर मुख्यमंत्री और मंत्रियों के साथ फोटो खिंचवाते हैं, हम किसके साथ फोटो खिंचवाएं? उन्होंने सुखविंद्र सिंह सुक्खू से वार्ड कमेटियों को मजबूत करने का भी आह्वान किया।
पार्टी में ‘लीडर के आदमी’ की तरक्की
नगर निगम के पूर्व पार्षद अशोक सूद ने अपने संबोधन में कहा कि कांग्रेस में कांग्रेस मेन के लिए जगह नहीं है। पार्टी में आम कार्यकर्ता की नहीं बल्कि ‘लीडर के आदमी’ की तरक्की होती है। उन्होंने पार्टी को मजबूत करने के लिए नियमित तौर पर बैठकों के आयोजन की सलाह भी दी।
