
(ऊना) मुख्यमंत्री के प्रस्तावित दौरे से एक बार फिर दौलतपुर चौक कालेज के सरकारीकरण की आस जगी है। तीन जनवरी को मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह इसी कालेज के मैदान में जनसभा को संबोधित करेंगे। कालेज के सरकारीकरण की घोषणा मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने तीन फरवरी 2006 को थी। 14 सितंबर 2006 को इसकी अधिसूचना जारी की गई, लेकिन अनुबंध के आधार पर लगे शिक्षक एवं गैर शिक्षकों की सेवाएं नियमित नहीं हो पाईं। 2006 के बाद से कालेज में साइंस एवं कामर्स के अलावा आर्ट्स के कुछ विषय भी सेल्फ एवं कामर्स के अलावा आर्ट्स के कुछ विषय भी सेल्फ फाइनेंस में चल रहे हैं। क्षेत्र के छात्र-छात्राओं को मजबूरन सेल्फ फाइनेंस की वजह से महंगी शिक्षा ग्रहण करनी पड़ रही है। कालेज के सरकारीकरण को लेकर छात्र संगठनों ने कई बार भूख हड़ताल एवं लंबा संघर्ष किया है, जिसका फल अभी तक नहीं मिला है। लगभग आठ वर्षों के बाद मुख्यमंत्री की जनसभा इसी कालेज के प्रांगण में होने की वजह से एक बार फिर से संपूर्ण सरकारीकरण की आस जगी है। उधर, एनएसयूआई के कैंपस अध्यक्ष गौरव शर्मा, सीएससीए अध्यक्ष सन्नी कुमार, युकां अध्यक्ष विजय सिंह व उपाध्यक्ष अजय ठाकुर ने प्रदेश के मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह एवं स्थानीय विधायक राकेश कालिया से कालेज के सरकारीकरण की मांग की है।
