
सुंदरनगर (मंडी)। धनोटू-बग्गी मार्ग पर बुधवार दोपहर को एक सांभर बीएसएल नहर में गिर गया। उफनती नहर में जब सांभर बहता हुआ धनोटू के निकट पहुंचा तो स्थानीय युवा उसे बचाने के लिए नहर में कूद गए। उन्होंने कड़ी मशक्कत के बाद सांभर को तो बाहर निकाल लिया, लेकिन सांभर के खुरों के वार से 15 युवक घायल हो गए। उनका उपचार सुंदरनगर अस्पताल में करवाया गया है। सांभर को प्राथमिक उपचार के बाद वन विभाग ने केरन के जंगल में छोड़ दिया है।
बग्गी की ओर से सुंदरनगर आ रही एक बस के आगे अचानक जंगल की ओर से एक मादा सांभर आ गई। बस को देखकर वह उसके आगे भागने लगी। इसी दौरान सांभर घबरा कर बीएसएल नहर में कूद गई। इसी दौरान जब वह बहकर धनोटू के निकट पहुंची तो वहां मौजूद युवाओं दीप चंदेल, पंकज चंदेल, श्याम लाल, विजय चौहान, रणजीत चंदेल, विवेक चंदेल, रविंद्र पटियाल, बंटी, तिलकराज, प्रभदयाल, नरेश चंदेल, रवि पटियाल, चुनी लाल व जितेश चंदेल शामिल ने करीब दो सौ किलो से अधिक वजन के इस सांभर को बचाने के लिए नहर में कूद कर कड़ी मशक्कत से इसे बचा लिया। इस दौरान सांभर के खुरों की चपेट में आने से सभी के शरीर पर घाव हो गए।
पशुपालन विभाग के वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी डा. संजय पंडित व अन्य कर्मचारियों ने घायल सांभर का उपचार किया। एसडीएम गुलाब सिंह ठाकुर ने अस्पताल पहुंच कर सांभर को बचाने में घायल युवकों की हौसला बढ़ाया। उन्होंने सभी घायलों के उपचार के खर्चा प्रशासन की ओर से देने की बात कही। इधर, वन मंडल अधिकारी अजीत ठाकुर ने बताया कि देर शाम को सांभर को केरन के जंगल में छोड़ दिया गया है। इधर, नागरिक अस्पताल के प्रभारी डा. जावेद ने बताया सभी 14 घायलों को प्राथमिक उपचार के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है।
