
शिमला। लंबीधार क्षेत्र में पानी के दो कनेक्शन लगाने के मामले की जांच सहायक आयुक्त नरेश ठाकुर को सौंपी गई है। निगम आयुक्त अमरजीत सिंह ने सहायक आयुक्त से 27 जून को होने वाले निगम सदन से पूर्व जांच रिपोर्ट देने को कहा है। आयुक्त का कहना है कि नियम सभी शहरवासियों के लिए बराबर हैं। दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उधर, लंबीधार में पानी के कनेक्शन देने पर अंतिम फैसला निगम सदन में होगा। ढली के पार्षद शैलेंद्र चौहान ने इस मामले पर सदन का माहौल गरमाने की तैयारी कर ली है। चौहान ने सवाल पूछा है कि लंबीधार क्षेत्र में पानी के कनेक्शन किस सक्षम अधिकारी द्वारा स्वीकृत कर लगाए गए हैं? किन लोगों को यह कनेक्शन दिए गए हैं? किस डायरी नंबर पर स्वीकृति दी गई है? इसका ब्योरा निगम सदन के पटल में पार्षद ने मांगा है। इसके अलावा कनेक्शन लेने के लिए आवेदन करने वाले लोगों का ब्योरा भी पार्षद ने मांगा है। शैलेंद्र चौहान ने कहा कि निगम अफसरोें की दोहरी नीति के चलते लोगों में भारी रोष है।
…….
ऊपर से कौन डाल रहा प्रेशर?
नगर निगम में पानी के दो कनेक्शनों का मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। सोमवार को निगम की विभिन्न शाखाओं में इस बाबत तर्क वितर्क हुआ। निगम कर्मियों की गपशप में किसी ने भी इस मामले में अफसरों की तरफदारी नहीं की। सिर्फ यह कहते सुने गए कि ऊपर से आए इस प्रेशर ने निगम की किरकिरी कर दी। जब अफसरों को मालूूम था कि मामला तूल पकड़ेगा तो क्यों ऐसी जल्दबाजी दिखाई।
