
भरमौर (चंबा)। इस बार भी मणिमहेश यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं को तहसील मुख्यालय भरमौर में पार्किंग की समस्या से जूझना पड़ सकता है। यहां पर पार्किंग की व्यवस्था न होने के कारण श्रद्धालुओं को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। हालांकि चौदह मई को मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने पुराना बस स्टैंड खडली के पास कार पार्किंग का शिलान्यास किया था, लेकिन अभी तक काम शुरू नहीं हो पाया है। लगभग एक माह बाद मणिमहेश यात्रा शुरू होने वाली है। ऐसे में पार्किंग का काम शुरू न हो पाने से श्रद्धालुओं को दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है। उल्लेखनीय है कि उपमंडल भरमौर में डेढ़ हजार के करीब वाहन पंजीकृत हैं और हर वर्ष 100 के करीब नए वाहन आ रहे हैं। दिन प्रतिदिन वाहनों की संख्या बढ़ रही है, लेकिन इनके लिए पार्किंग की व्यवस्था नहीं हो पाई है। ऐसे में सावनपुर से लेकर लघु संयुक्त भवन पट्टी में सड़क के किनारे आड़े तिरछे वाहन खड़े रहते हैं। मणिमहेश यात्रा के दौरान यहां पर हजारों की तादाद में श्रद्धालु पहुंचते हैं, लेकिन पार्किंग की सुविधा न होने के कारण उन्हें दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। मणिमहेश यात्रा के दौरान भरमौर सबसे महत्वपूर्ण पड़ाव है। भरमौर में प्राचीन मंदिरों के दर्शन के अलावा भरमाणी माता मंदिर के लिए भी यहीं से लोग जाते हैं। ऐसे में श्रद्धालुओं को भरमौर में वाहन पार्क करना पड़ता है। भीड़ अधिक होने पर कई बार यहां पर घंटों जाम लगा रहता है। मणिमहेश यात्रा पर पहुंचे श्रद्धालु राकेश कुमार, अशोक, वीरेंद्र सिंह, दिनेश कुमार, पियूष, विनीत और सुगम ने स्थानीय प्रशासन से मांग की है कि भरमौर में श्रद्धालुओं के लिए उचित पार्किंग की व्यवस्था की जाए। इस संबंध में लोनिवि के एक्सईएन जितेंद्र धीमान के कहा कि पार्किंग के लिए टेंडर हो गए हैं, लेकिन निर्माण कार्य मणिमहेश यात्रा के बाद ही शुरू हो पाएगा। बीच में काम शुरू करने से परेशानी और बढ़ सकती है।
