
राजधानी देहरादून में पल्सर बाइक के चक्कर में ससुराल पक्ष के लोगों ने बहू और उसके परिवार वालों की धुनाई कर दी।
महिला का आरोप है कि शादी के समय ही जब डिसकवर बाइक पति को दी गई तो उन्होंने उसकी चाबी लौटाकर पल्सर की मांग शुरू कर दी।
पढें, यहां दंगे की अफवाह उड़ाई, वहां पहुंचे ‘हवालात’
तीन महीनों से मांग करते-करते जब मामला बढ़ गया तो रविवार को महिला पक्ष के लोग हेल्पलाइन पहुंचे। इसके बाद महिला के पति का परिवार भी हेल्पलाइन पहुंच गया।
बुरी तरह से मरोडा कान
रविवार को महिला हेल्प लाइन पहुंची लोहियानगर निवासी मुमताज ने अपने पति, देवर जेठानी सभी पर आरोप लगाते हुए कहा कि शादी के बाद से दहेज के लिए सभी परेशान करते थे।
डिसकवर बाइक लेना पति को मंजूर नहीं था। गुस्से में एक दिन उन्होंने इस तरह मेरा कान मरोड़ा कि कान में टांके लगाने पड़े।
जेठ ने रॉड से मारा
पेट में बेल्ट से मार-मार कर गुर्दो में दर्द कर डाला। मुमताज ने बताया कि अक्सर पति मुझे बाहर कहीं ले जाते तो वहीं छोड़कर आ जाते।
पढें, मुजफ्फरनगर बवाल से हरिद्वार में हाई अलर्ट
हद तो तब हुई जबकि कुछ दिन पहले मेरे घर वालों को बातचीत के लिए बुलाया और उनके सामने जेठ ने मुझे रॉड से मार दिया।
पति नहीं छोड़ना चाहता
भाई बचाने आया तो उसे भी पीट दिया और मां के कान के कुंडल छीनकर रख लिए। हमारे सभी परिवार वालों की पिटाई कर दी।
पढें, दंगा: यूपी के साथ उत्तराखंड में भी हाई अलर्ट
परेशान मुमताज अब पति संग नहीं जाना चाहती। वहीं पति का कहना है कि वह किसी भी स्थिति में मुमताज को नहीं छोड़ना चाहता। उसका कहना है कि मैंने शादी छोड़ने के लिए नहीं बल्कि निभाने के लिए की थी।
इनकी भी सुनिए
दोनों पक्षों को सुना गया तो यह बात सामने आई कि युवक ने खुद अपनी पत्नी पर हाथ नहीं उठाया। महिला का ये भी कहना था कि जब जेठ ने मुझे मारा तो पति शांत क्यों थे। उन्हें मेरा बचाव करना चाहिए था। घर बसने की उम्मीद देखते हुए दोनों पक्षों को दूसरी काउंसलिंग के लिए बुलाया गया है।
