
बागेश्वर। जिलाधिकारी बीएस मनराल ने कलेक्ट्रेट में विभिन्न विभागों के अधिकारियों की बैठक ली। उन्होंने कहा कि वन भूमि से जुड़े मामलों का निस्तारण नहीं होने से निर्माण कार्यों में देरी हो रही है और विकास को आया धन वापस चला जाता है। उन्होंने जिम्मेदारी के साथ इन मामलों को निपटाने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि वन भूमि संबंधी मामले समय पर नहीं निपटने के कारण जनता को योजनाआें का लाभ नहीं मिल पाता। उन्होंने अधूरे कामों को पूरा कराने के निर्देश दिए। उन्होंने शिक्षा विभाग, लोनिवि, पीएमजीएसवाई, परिवहन, सौर ऊर्जा जल निगम आदि विभागों के कार्यों की चर्चा की। बैठक में डीएफओ डीएस मीणा, सीओ धनीराम सहित सभी विभागों के अधिकारी और एसडीएम मौजूद थे।
बागेश्वर में एक भी वनवासी परिवार नहीं
बागेश्वर। जिलाधिकारी बीएस मनराल ने समाज कल्याण विभाग के तत्वावधान में अनुसूचित जाति एवं अन्य परंपरागत वन नियमावली अधिनियम, नियमावली से जुड़ मामलों की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि जो परिवार लगातार वनों में रह रहे हैं और पूरी तरह से वनों पर निर्भर हैं, वन भूमि पर उनके अधिकारों का अभिलेखीकरण होना है। उन्होंने प्रगति की जानकारी मांगी। सभी उपजिलाधिकारियों ने बताया कि ऐसा कोई भी मामला बागेश्वर जिले में नहीं है। जिला समाज कल्याण अधिकारी एनएस गस्याल ने कहा कि 75 वर्ष पूर्व से वनों में रह रहे परिवारों को उनके हक दिलाने के लिए ग्राम और उपखंड स्तर पर समितियां बनेंगी।
