
ऊना। हिमाचल प्रदेश के होमगार्ड संगठन ने पूर्ण राज्यत्व दिवस पर होमगार्ड जवानों के दैनिक भत्ते में कोई भी बढ़ोतरी न किए जाने को लेकर होमगार्ड कल्याणकारी संगठन ने कड़ा रोष जताया है। हिमाचल प्रदेश होमगार्ड कल्याणकारी संगठन के प्रदेशाध्यक्ष बली राम ठाकुर एवं राज्य प्रवक्ता मुकेश जसवाल ने कहा कि मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने प्रदेश के पूर्ण राज्यत्व दिवस पर जवानों के हितों को लेकर राहत देने के लिए कोई घोषणा नहीं की हैं। इस कारण प्रदेश के आठ हजार होमगार्ड जवानों में निराशा है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार ने सत्ता में आने से पहले जवानों को सत्ता पर विराजमान होने के बाद दैनिक भत्ते में बढ़ोतरी एवं समस्याओं का निवारण करने का आश्वासन दिया था, लेकिन सत्ता में एक वर्ष से अधिक समय पूरा होने के बावजूद इन जवानों से किए गए किसी भी वायदों को पूरा नहीं किया गया। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश में होमगार्ड जवान पुलिस जवानों के बराबर सेवाएं देकर सरकार को प्रतिवर्ष 96 करोड़ की बचत कर रहे हैं। इसके बावजूद इस वर्ग के हितों को राहत न देना सरासर अन्याय है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के अन्य राज्यों की तुलना में हिमाचल प्रदेश में कमरतोड़ महंगाई के चलते जवानों को मात्र 225 रुपये दैनिक भत्ता दिया जा रहा है, जबकि पड़ोसी राज्य पंजाब में यही दैनिक भत्ता होमगार्ड जवानों को 406 रुपये प्रतिदिन, हरियाणा राज्य में जवानों को 300 रुपये प्रतिदिन दैनिक भत्ता दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार फरवरी माह में होने वाले प्रस्तावित बजट में कमरतोड़ महंगाई को देखते हुए जवानों के दैनिक भत्ते को पांच सौ रुपये प्रतिदिन करके एवं अन्य सुविधाएं देकर इस उपेक्षित वर्ग को राहत दिलाएं।
