यूजीसी के नियमों के तहत ही देंगे ड्यूटी: संघ

धर्मशाला। राजकीय महाविद्यालय धर्मशाला अध्यापक संघ ने प्रदेश सरकार की ओर से जारी 14-3-14 और 27-3-14 की अधिसूचना का कड़ा ऐतराज जताते हुए कहा कि प्रदेश सरकार ने यूजीसी के नियमों को दरकिनार कर अध्यापकों का कार्य निर्धारित किया है। वहीं, महाविद्यालय में राजकीय कॉलेेज अध्यापक संघ ने बैठक का आयोजन कर प्रस्ताव पास किया, जिसे कॉलेज प्राचार्य प्रो. आरपी चोपड़ा के माध्यम से विवि के वीसी को भेजा गया। धर्मशाला महाविद्यालय अध्यापक संघ के प्रधान डा. सतीश ठाकुर व सचिव डा. वेद पटियाल ने कहा कि सरकार द्वारा जारी अधिसूचना के चलते कॉलेज अध्यापकों को लगातार पांच से छह घंटे पढ़ाने को विवश किया जा रहा है, जोकि मानवाधिकार का सीधे-सीधे उल्लंघन है। कॉलेज अध्यापक यूजीसी नियमों के अनुसार की पढ़ाएंगे। वहीं, उन्होंनेे प्रदेश विवि की अलोचना करते हुए कहा कि परीक्षाओं का परिणाम लेट होना स्वयं विवि प्रशासन की लापरवाही है। अध्यापकों ने तो रूसा के तहत प्रथम सत्र का मूल्यांकन नवंबर माह में ही करके भेज दिया था और अंतिम वर्ष की परीक्षाओं का मूल्यांकन भी समय पर करके विवि को भेज दिया है। लेकिन, विवि प्रशासन अभी तक कोई भी परीक्षा परिणाम घोषित नहीं कर सका है। विवि ने बिना सभी सुविधाआें के रूसा को शुरू कर विद्यार्थियों पर बोझ डाल दिया है। इसके चलते प्रदेश के विद्यार्थी अपने भविष्य को लेकर चिंतित है। संघ ने सरकार और विवि प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा कि उनकी मांगों को जल्द पूरा नहीं किया गया तो अध्यापक संघ संघर्ष का रास्ता अपनाएगा।

Related posts