
मंडी। जिला में स्क्रब टायफस का प्रकोप जारी है। क्षेत्रीय अस्पताल मंडी में स्क्रब टाइफस के पीड़ित रोगियों की संख्या में इजाफा हो रहा है। अस्पताल में स्क्रब टायफस को दो नए मामले पॉजिटिव पाए गए हैं। जोनल अस्पताल में स्क्रब टायफस से पीड़ित रोगियाें की संख्या सात दर्जन के आंकड़ा पार कर गई है। हालांकि, संभावित रोगियों को पहले ही स्क्रब टायफस की दवाई दी जा रही है। इससे मौतों का सिलसिला जरूर थमा है, लेकिन पॉजिटिव मामले अभी भी सामने आ रहे हैं। गत रोज अस्पताल से संभावित तौर पर नौ रोगियों के ब्लड सैंपल लिए गए थे, जिसकी रिपोर्ट आ गई है। रिपोर्ट में दो रोगियों में स्क्रब टायफस होने की पुष्टि हुई है। अस्पताल प्रशासन की मानें तो अस्पताल में रोजाना औसतन दर्जनभर स्क्रब टायफस के संभावित रोगी पहुंच रहे हैं। इनमें से औसतन दो-तीन रोगियों में स्क्रब टायफस पाया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग ने मामले को लेकर पहले ही आवश्यक दिशा-निर्देश सभी डॉक्टरों को दे रखे हैं। मालूम हो कि गत वर्ष रिवालसर क्षेत्र में स्क्रब टायफस का कहर बरपा था। जिले में गत वर्ष अलग-अलग जगहों पर पांच लोगाें की मौत हुई थी। इस बार भी एक शिक्षक की मौत हो गई है. जबकि रविवार को आईजीएमसी शिमला में मंडी के औट की एक 18 वर्षीय लड़की ने दम तोड़ा है।
जिला में स्क्रब टायफस से निपटने के लिए विभाग ने पुख्ता इंतजाम कर रखे हैं। संदेह के आधार पर पहले ही रोगियों को उपचार प्रदान किया जा रहा है। दो रोगियों में स्क्रब टायफस की पुष्टि हुई है। पहले के मुकाबले कम मामले सामने आ रहे हैं।
-डा. एनके भारद्वाज जिला स्वास्थ्य अधिकारी मंडी।
