भाजपा में चरम पर घमासान, विक्रमादित्य ने ली भाजपा पर चुटकी

शिमला

Gutbazi in Kangra Bjp action may taken against mla Ramesh Dhwala

कांगड़ा जिले की भाजपा में चल रही सियासी तनातनी चरम पर पहुंच गई है। एक ओर जहां जिले के तीन विधायकों राकेश पठानिया, रीता धीमान और विशाल नैहरिया ने विधायक रमेश धवाला के बयान से किनारा कर कार्रवाई की बात कही, वहीं पूर्व प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने भी राणा पर टिप्पणी को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि राणा कर्मठ और संगठन हित में काम कर रहे हैं। पार्टी के मुख्य प्रवक्ता रणधीर शर्मा ने तो धवाला की बयानबाजी का कड़ा संज्ञान लेने की बात कही है।

बीते वीरवार को विधायक धवाला ने भाजपा संगठन महामंत्री पवन राणा का नाम लेकर मोर्चा खोल दिया था। शुक्रवार को विधायक पठानिया ने प्रेस वार्ता कर कहा कि सीएम आवास पर बैठक में सिर्फ विकास कार्य जैसे प्रशासनिक मुद्दों पर चर्चा हुई। धवाला ने मीडिया के सामने अपने निजी विचार रखे हैं। कांगड़ा और प्रदेश के विधायक राणा का सम्मान करते हैं। रीता धीमान और नैहरिया ने भी राणा पर टिप्पणी को दुर्भाग्यपूर्ण बताया। दोनों ने धवाला पर कार्रवाई की बात कही है। उधर राणा के गृहक्षेत्र में भी कार्यकर्ताओं ने धवाला का पुतला जलाया।

उधर, सारी उठापटक के बावजूद धवाला अपने बयान पर कायम हैं। धवाला ने पठानिया के बयान पर पलटवार करते हुए कहा है कि जो व्यक्ति दो घंटे में अपनी बात से पलट जाए, उसकी बात के लिए क्या कहें। साथ ही कहा कि वह पार्टी के सच्चे सिपाही हैं। धवाला ने कहा कि कुछ ऐेसे लोगों को पार्टी में शामिल कराया जा रहा है जो सिर्फ नुकसान ही करेंगे। उधर भाजपा की आपसी कलह के बीच कांग्रेस भी सक्रिय हो गई है। पार्टी प्रदेशाध्यक्ष कुलदीप राठौर और विधायक विक्रमादित्य ने प्रेस कांफ्रेंस कर भाजपा पर चुटकी ली।

एक साल बाद भी नहीं शुरू हुए काम: पठानिया
राज्य सचिवालय में पत्रकारों से विधायक राकेश पठानिया ने कहा कि विधायकों संग सीएम की बैठक में लंबित कार्यों पर चर्चा हुई है। जैसे बस अड्डे का शिलान्यास साल भर पहले मुख्यमंत्री ने किया था, लेकिन अभी तक एक ईंट भी उसमें नहीं लगी। ऐसे ही मुद्दों पर मुख्यमंत्री का ध्यान आकर्षित किया गया।

सीएम ने धवाला को संयम से काम लेने को कहा, राणा पर टिप्पणी को दुर्भाग्यपूर्ण बताया
मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने विधायक धवाला की ओर से शिमला में राणा पर की टिप्पणी पर कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण था। बैठक से बाहर आकर धवाला को ऐसा नहीं कहना चाहिए था। वहीं देर रात मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने धवाला से मुलाकात कर उनका पक्ष सुना।

सूत्रों के अनुसार बैठक के दौरान एक ओर जहां धवाला ने फिर से अपनी बात दोहराई और संगठन महामंत्री के दखल पर नाराजगी जताई, वहीं मुख्यमंत्री ने भी उन्हें संयम से काम लेने और कुछ निष्कर्ष निकालने का आश्वासन दिया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार और संगठन में तालमेल ठीक है।

 

Related posts