
शिमला। मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने कहा है कि बीपीएल का गलत चयन किया, तो ग्राम पंचायतों को भंग किया जाएगा। बीपीएल के नए सिरे से चयन के लिए शीघ्र ही फि र से ग्राम सभाएं होंगी। पंचायतों को सही गरीबों के चयन का एक और मौका दिया जाएगा। यह चयन दो सरकारी पर्यवेक्षकों की निगरानी में होगा। इसके बाद भी शिकायतें आईं, तो ऐसी पंचायतों को भंग कर उनमें नए सिरे से चुनाव करवाए जाएंगे। मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने ये सख्त तेवर शुक्रवार को शिमला के रिज मैदान पर राजीव गांधी अन्न योजना को लांच करते हुए दिखाए। उन्होंने इस योजना में लगभग 37 लाख प्रदेशवासियों को लाभान्वित करने का ऐलान किया।
वीरभद्र ने कहा कि कई पंचायतों में प्रभावशाली लोग अपने रिश्तेदारों को सरकारी योजनाओं का लाभ दे रहे हैं। गरीबी रेखा से नीचे जीवनयापन कर रहे लोगों की अनदेखी की जा रही है। उन्होंने कहा कि सरकार ऐसी पंचायतों को दंडित करेगी, जिसने बीपीएल में गलत लोगों को शुमार कर लिया है और सही लोगों को इस सूची से बाहर रखा है। बीपीएल के सही चयन के लिए एक बार पुन: ग्राम सभाएं रखी जाएंगी। इसके बाद भी शिकायतें मिलीं, तो संबंधित पंचायतों को भंग किया जाएगा। उसके बाद सरकारी कमेटियों की निगरानी में ग्राम सभाओं की व्यवस्था करने का प्रबंध किया जाएगा। वीरभद्र बोले कि वह इस मंच से ऐसी पंचायतों की आत्मा को जगाने का आह्वान करते हैं, जो गरीबों के साथ नाइंसाफी कर रही हैं। इन पंचायतों के प्रतिनिधियों को जिन लोगों ने चुनकर भेजा है, उनके साथ धांधली न की जाए। गरीबों को सस्ता राशन मुहैया नहीं करने वाले डिपो होल्डरों की भी खैर नहीं होगी। उन्होंने कहा कि मुफ्त आवास योजना के तहत सरकार 10 हजार नए मकान बना रही है। इसका लाभ भी जरूरतमंदों को सुनिश्चित बनाया जाएगा।
