
घनसाली (टिहरी)। भिलंगना क्षेत्र पंचायत की बैठक में आपदा से हुए नुकसान का मुआवजा देने और कृषि ऋण माफ करने का प्रस्ताव रखा गया। सदस्यों ने रोष जताया कि डीएसओ के आश्वासन के बाद भी पूर्ति निरीक्षक को हटाया नहीं गया है।
ब्लॉक प्रमुख नीलम बिष्ट की अध्यक्षता में हुई दो दिवसीय बैठक में पहले दिन सदस्योें ने सिंचाई, पेयजल और रसद से जुड़ी समस्याएं रखी। सरस्वती मैठाणी, गिरधर उनियाल, उत्तम सिंह, बचन सिंह रावत ने कहा कि खवाडा, डालगंाव, सरांशगांव, चंदला, वीना और डखवाणगांव में एक माह से पानी नहीं आ रहा है। जल संस्थान आपदा से योजनाएं क्षतिग्रस्त होने का बहाना बनाकर जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ रहा है। जिला पंचायत सदस्य आनंद व्यास ने कहा कि बासर नहर पर करोड़ों खर्च होने के बाद भी पानी नहीं चल रहा है। जिससे सैकड़ों नाली खेती बंजर होती जा रही है। उन्होंने नहर पर खर्च राशि की जांच करने और नैलचामी गाड, भिलंगना और बालगंगा नदी पर बाढ़ सुरक्षा दीवार लगाने की मांग की। डा. नरेंद्र डंगवाल ने कहा कि लघु सिंचाई विभाग की कई नहरों पर पानी नहीं चल रहा है। प्रधान आनंद बिष्ट,धूम सिंह जखेड़ी ने डीएसओ के आश्वासन के बाद भी सहायक खाद्य पूर्ति निरीक्षक को न हटाने पर हंगामा काटा। बाद में सदन में आपदा में मारे गए लोगों के प्रति शोक व्यक्त किया गया। बैठक में गोपाल बडोनी, मोनिका, लक्ष्मी जोशी, राजेश, संजीव, तेजराम सेमवाल आदि मौजूद थे।
