
हल्द्वानी। बिजली उपभोक्ता अपनी अनभिज्ञता का खामियाजा सालों से भुगत रहे हैं। उपभोक्ताओं के लिए यह जानना जरूरी है कि विद्युत नियामक आयोग उन्हें कितने अधिकार देता है। इन अधिकारों के तहत आपकी समस्या के समाधान का समय तय है। यदि तय समय में समाधान नहीं होता तो इसके एवज में आप मुआवजे के अधिकारी है। इस तरह की तमाम जानकारियों के अभाव में उपभोक्ता ट्रांसफार्मर फुंकने के बाद महीनों अंधेरे में रहते हैं, जबकि बिजली विभाग की जिम्मेदारी है कि इस समस्या का समाधान शिकायत मिलने के 48 घंटे के भीतर किया जाए। पहाड़ों पर ट्रांसफार्मर फुंकने की समस्या आम है। इसी तरह आप जागरूक हैं तो लो-वोल्टेज की समस्या से महज तीन दिन के भीतर छुटकारा पा सकते हैं। यही नहीं इसके अलावा भी कई अधिकार हैं।
नियामक आयोग के अनुसार यदि आप कनेक्शन कटवाना चाहते हैं तो यह काम बिजली विभाग को आपकी मांग के बाद 5 दिन के अंदर करना होगा। ऐसा न करने पर आपको प्रतिदिन के हिसाब से 50 रुपये मुआवजा मिलेगा। आपको फिर कनेक्शन चाहिए तो इसके लिए भी 5 दिन की अवधि तय है। मीटर से जुड़ी समस्याओं को लेकर भी आप परेशान रहते होंगे, जबकि आपका मीटर जल गया है तो इसे बाईपास करते हुए आपको छह घंटे में बिजली मिल सकती है। मीटर बदले के लिए बिजली विभाग को तीन दिन का समय दिया गया है। इस अवधि में काम नहीं होता तो आपको 50 रुपये प्रतिदिन मुआवजा मिलेगा। मीटर खराब है तो यह 15 दिन के भीतर बदला जाना जरूरी है। ऐसा नहीं होने पर भी आप 50 रुपये प्रतिदिन मुआवजा ले सकते हैं।
आप शहरी क्षेत्र में रहते हैं और आपकी बिजली लाइन टूट गई है तो यह महज छह घंटे के भीतर ठीक हो सकती है। ग्रामीण क्षेत्रों में इसके लिए 12 घंटे का समय रखा गया है। वितरण लाइन में अगर गड़बड़ी है तो 12 घंटे में आपको बिजली मिल जानी चाहिए। ऐसा न होने पर प्रभावित व्यक्तियों को प्रत्येक घंटे के लिए 5 रुपये मुआवजा मिलेगा। यदि ट्रांसफार्मर जल जाता है तो इस समस्या का समाधान भी 48 घंटे में होना चाहिए। ऐसा न होने पर प्रत्येक प्रभावित व्यक्ति के लिए 50 रुपये प्रतिदिन मुआवजे का प्राविधान है। ग्रिड सबस्टेशन भी बिजली विभाग को 48 घंटे में दुरुस्त करना होता है। लो-वोल्टेज की यदि स्थानीय समस्या है तो यह चार घंटे में हल हो सकती है। ऐसा न होने पर आपको प्रतिदिन 25 रुपये का मुआवजा मिलेगा। वोल्टेज के उतार चढ़ाव के कारण आपके घर में कोई उपकरण फुंक जाता है तो इसमें भी प्रत्येक उपकरण की मरम्मत के लिए 500 रुपये आपको मिल सकते हैं।
