
काईस (कुल्लू)। भारी बर्फबारी से आईपीएच को भी तगड़ा झटका लगा है। जिले में बर्फबारी से 64 पानी की योजनाएं प्रभावित हुई हैं। इनमें 63 पेयजल, जबकि एक सिंचाई योजना शामिल है। इसके अलावा निर्माणाधीन कई स्कीमें भी बर्फ से टूट कर ध्वस्त हो गई हैं। आईपीएच विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक जिले में बर्फ से आईपीएच को एक करोड़ चार लाख 49 हजार का आर्थिक नुकसान हुआ है। स्कीमों के क्षतिग्रस्त होने तथा ठंड से पाइप लाइनें जाम होने से कुल्लू जिले के कई गांवों में पेयजल संकट पैदा हो गया है। बंजार के खड़ागार, कोठी चेहड़ी, शिल्ली, मशियार, शिरीकोट, सैंज घाटी के देउड़ीधार, शांघड़, रेला, भलान, शैंचर आदि पंचायतों में पेयजल योजनाओं को भारी नुकसान पहुंचा है। गाड़ापारली पंचायत में तो ठंड से पाइप लाइन जाम होने से ग्रामीण बावड़ियों के साथ नदी-नालों का पानी पीने को मजबूर हैं। इससे लोगों को जलजनित रोगों की चपेट में आने का खतरा भी सता रहा है। इसके अलावा आनी, निरमंड तथा मनाली से सटे ऊंचे इलाकों में पेयजल स्कीमाें को भारी नुकसान पहुंचा है। लोगों का कहना है कि बर्फबारी से पेयजल योजनाओं के क्षतिग्रस्त होने व पाइपलाइनें जाम होने से लोगों को दूरदराज से पानी ढोना पड़ रहा है। आईपीएच के अधीक्षण अभियंता पीबी वैध ने बताया कि हिमपात से आईपीएच को एक करोड़ चार लाख 49 हजार का नुकसान हुआ है। उन्होंने बताया कि कई इलाकों में विभाग ने पेयजल योजनाओं को दुरुस्त कर दिया है।
