
22 साल से आकाशदीप कालोनी एक्सटेंशन में फर्जीवाड़े से राशन की दुकान चलाई जा रही है, लेकिन विभागीय अधिकारियों की ओर से इसकी सुध नहीं ली गई। अब सूचना अधिकार के तहत मामले का खुलासा होने के बाद अधिकारी जांच की बात कह रहे हैं।
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दरअसल उक्त दुकान का आवंटन पूर्व फौजी के नाम पर मलिन बस्ती के लिए किया गया था, लेकिन दुकानदार और अफसरों की मिलीभगत से मनमाने तरीके से दुकान का आवंटन किया गया। स्थिति यह है कि आकाशदीप कालोनी में एक राशन की दुकान होते हुए भी दूसरी दुकान आवंटित कर दिया गया, जबकि इसे मलिन बस्ती में खोला जाना था।
फर्जी तरीके से खोली गई
सूचना मांगने वाले व्यक्ति ने जिलाधिकारी से शिकायत कर संबंधित दुकान का लाइसेंस निरस्त करने की मांग की है। शिकायत कर्ता के अनुसार राधाकृष्ण नौटियाल की एक दुकान किशननगर चौक पर भी है, जबकि दूसरी आकाशदीप कालोनी में फर्जी तरीके से खोली गई है। इस संबंध में जिला खाद्य आपूर्ति अधिकारी श्याम आर्य का कहना है कि यह मामला वर्ष 1991 का है। जल्द ही जांच के बाद रिपोर्ट जिलाधिकारी को सौंप दी जाएगी।
