पेड़ कटान पर निगम का यू टर्न

शिमला। उपमहापौर टिकेंद्र पंवर द्वारा रविवार देर रात को प्रकाश में लाए गए छोटा शिमला के ऐरा होम में दो पेड़ों के अवैध कटान के मामले पर निगम अफसरों ने चुप्पी साध ली है। दो पेड़ों के कटे होने के मामले में नगर निगम का कोई भी अफसर अब कुछ बोलने को तैयार नहीं है। सोमवार को मौके का दौरा कर अफसरों ने वर्मा कंस्ट्रक्शन कंपनी के खिलाफ चालीस हजार रुपये की डैमेज काटने का दावा किया था। लेकिन वीरवार को निगम अफसर अपने इस दावे से साफ मुकर गए हैं। अफसरों का कहना है डैमेज रिपोर्ट काटने के लिए भूमि मालिक की तलाश जारी है। डीआर में दो पेड़ों को काटने और चालीस हजार रुपये का जुर्माना करने के बारे में लिख दिया गया है। वन मंडलाधिकारी इंद्र कुमार ने कहा है भूमि मालिक की शिनाख्त होते ही डैमेज रिपोर्ट काट दी जाएगी। हालांकि पहले निगम की वन शाखा ने वर्मा कंस्ट्रक्शन कंपनी के खिलाफ डीआर काटने का दावा किया था।
राजधानी के छोटा शिमला से सटे ऐरा होम क्षेत्र में चौपाल के विधायक और वर्मा कंस्ट्रक्शन कंपनी के मालिक करीब साढ़े चौदह बीघा भूमि पर फ्लैट बनवा रहे हैं। विधायक की कंपनी ने निर्माण का काम आगे अन्य ठेकेदारों को दिया है। बीते दिनों नगर निगम के उपमहापौर टिकेंद्र पंवर ने देर रात को ऐरा होम में दबिश देकर बिना अनुमति पेड़ कटान मामले का खुलासा किया था। जिसके बाद सोमवार को वन मंडलाधिकारी ने कंपनी के खिलाफ डैमेज रिपोर्ट काटने की बात कही। नगर निगम की इस दोहरी कार्यप्रणाली पर सवाल उठने शुरू हो गए हैं। आखिर वह क्या माजरा है कि जोर शोर से शुरू की गई कार्रवाई की आंच अब अचानक ठंडी पड़ने लगी है। नगर निगम के जिम्मेदार अफसर अब इस प्रकरण पर कन्नी काटते नजर आ रहे हैं।

इनसेट…
कंस्ट्रक्शन कंपनी को तीन दिन का अल्टीमेटम
छोटा शिमला के ऐरा होम में अवैध डंपिंग करने और पेड़ों को नुकसान पहुंचाने के आरोप में नगर निगम ने वर्मा कंस्ट्रक्शन कंपनी खलीणी को तीन दिन का अल्टीमेटम दिया है। कंस्ट्रक्शन कंपनी से तीन दिन के भीतर ऐरा होम साइट का ततीमा, जमाबंदी और स्वीकृत नक्शा तलब किया गया है। इसके अलावा ऐरा होम साइट की निशानदेही करवाने के निर्देश भी दिए गए हैं। निगम की वन शाखा के रेंज आफिसर और अवैध पेड़ कटान मामले की जांच को गठित टीम के अध्यक्ष सुशील कुमार ने इसकी पुष्टि की है।

कंपनी के नाम से नहीं कटी डीआर – बलबीर
वर्मा कंस्ट्रक्शन के मालिक और चौपाल के विधायक बलबीर सिंह वर्मा ने कहा कि उनके या उनकी कंपनी के नाम से कोई डीआर नहीं कटी है। जिस भूमि पर पेड़ काटने का आरोप लगाया गया है। वह भूमि उनके नाम पर नहीं है, और निर्माण स्थल से सौ मीटर दूरी पर स्थित है। राजनीतिक कैरियर को नुकसान पहुंचाने की एक सोची समझी साजिश है, इस वजह से इन मामलों में उन्हें बेवजह घसीटा जा रहा है।

Related posts