
हरिद्वार। विवाहिता के साथ सामूहिक बलात्कार करने के आरोपियों को दबोचने से पहले नगर पुलिस विवाहिता की तहरीर का इंतजार कर रही है। पुलिस पूरे मामले में तहरीर का बहाना बताकर लीपापोती करने में जुट गई है। वहीं अभी तक फक्कड़ साधु से भी पूछताछ नहीं की गई है। बलात्कार में शामिल युवकों का भी कोई सुराग नहीं लगा है।
शनिवार दोपहर रोडीबेवाला स्थित एक फक्कड़ साधु की कुटिया पर आशीर्वाद लेने गई विवाहिता को बाबा ने ही हरियाणा के दो युवकों के साथ घर भेज दिया था। आरोप है कि रास्ते में दोनों युवकों ने नशीला पदार्थ पिलाकर उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। बाद में आरोपी उसे कछ्छी आश्रम के पास छोड़ गए। मौके पर पहुंची महिला कांस्टेबल और राहगीरों ने इमरजेंसी सेवा 108 के जरिए पीड़िता को महिला अस्पताल भिजवाया था। उसने अस्पताल में मीडिया जनों और अस्पताल के लोगों को पूरी घटना बताई थी। कुछ देर बाद नगर कोतवाली पुलिस के दो कर्मी भी महिला अस्पताल पहुंचे लेकिन, देर रात तक कार्रवाई करने के बजाए पुलिस मामले पर परदा डालने में जुटी रही। नगर कोतवाली प्रभारी महेश चंद्र जोशी का कहना है कि महिला की तहरीर नहीं आई है। इसलिए मामले में कोई कार्रवाई नहीं की गई है। वहीं पुलिस ने आरोपी राजू बाबा से भी पूछताछ करने की जहमत नहीं उठाई।
रानीपुर पुलिस से सीख ले नगर पुलिस
नगर कोतवाली पुलिस को रानीपुर पुलिस से सीख लेनी चाहिए। दिल्ली की युवती के साथ गैंगरेप के मामले में रानीपुर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की। जांच के दौरान मानव तस्करी गिरोह का परदाफाश करने में कामयाबी मिली। दूसरी घटना मंगेतर के सामने बलात्कार की हुई। पुलिस ने इस मामले में संजीदगी से कार्रवाई करते हुए तुरंत आरोपियों को दबोच लिया, जबकि इस केस में भी पीड़ित पक्ष कार्रवाई से डर रहा था।
पीड़ित महिला ने अभी तहरीर नहीं दी है। फिर भी वारदात के संबंध में नगर कोतवाली से रिपोर्ट मांगी गई है। दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।
-अरुण मोहन जोशी, एसएसपी, हरिद्वार।
