
कांगड़ा। गर्मियों में पेयजल समस्या के संकट से निपटने के लिए आईपीएच महकमे ने सोमवार को पेयजल आपूर्ति का निरीक्षण किया। कांगड़ा उपमंडल के अधीन आने वाले इलाकों में पानी की सप्लाई सुचारु बनाने के लिए महकमे ने अपने कर्मचारियों को साफ निर्देश दे दिए हैं। ‘अमर उजाला’ के सोमवार के अंक में ‘नलों में पानी कम हवा ज्यादा’ शीर्षक से प्रकाशित खबर पर कड़ा संज्ञान लेते हुए विभाग ने पानी की किल्लत दूर करने के प्रबंधों की समीक्षा की।
पुराना कांगड़ा में जहां तीन विद्युुत चलित मोटरों का निरीक्षण किया। वहीं एक कुएं में लगी मोटर चालू करने के लिए वहां मीटर लगाने के लिए नप से वार्ता की है। नंदरुल, खरठ जैसे इलाकों में पेयजल समस्या से जूझ रहे लोगों के लिए विधायक प्राथमिकता के आधार पर नई पेयजल स्कीम पर डीपीआर बनाने की तैयारी शुरू कर दी है। समेला में बने वाटर स्टोरेज टैंक में ग्रेविटी लेवल को जल्द मकम्मल करने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही शहर में पानी की सप्लाई में और इजाफा करने के लिए साढ़े बारह करोड़ की स्कीम के तहत तीन ट्यूबवेल लगाए जाने की योजना है। माता का बाग में एक ट्यूबवेल का कार्य शुरू भी हो चुका है।
एसडीओ अशोक चौधरी ने बताया कि पुराना कांगड़ा के फारेस्ट रेस्ट हाउस के साथ बने पानी के टैंक का निरीक्षण किया गया। टैंक से रोजाना 35 हजार लीटर पानी की लोगों को सप्लाई की जा रही है। टैंक में यह सप्लाई बरकरार रखने के निर्देश कर्मचारियों को दिए गए हैं। पुराना कांगड़ा में तीन विद्युत चलित मोटरों में सप्लाई ठीक है। कांगड़ा पेयजल स्कीम के तहत पाइपों की मरम्मत कर दी गई है। यह पाइप सालों पुरानी है। जरूरत पड़ी तो पाइप बदलने का एस्टीमेट बनाया जाएगा।
