
पधर (मंडी)। पधर क्षेत्र की 15 पंचायतों की प्यास बुझाने के लिए निर्माणाधीन पजौंडी नाला पेयजल स्कीम का काम अधर में लटक गया है। सेंक्चुरी एरिया में पाइप लाइन बिछाने को लेकर छह सालों से पेयजल स्कीम सिरे नहीं चढ़ पा रही। इस कारण हजारों की आबादी को पर्याप्त पानी नसीब नहीं हो रहा।
क्षेत्र की जिल्हण, उरला, चुक्कू, गवाली, डलाह, सियुन, कुन्नू, भड़वाहण, बड़ीधार, कुफरी, पाली, शिलग, तरयांबली, टांडू और कटिंडी पंचायतों की हजारों की आबादी की प्यास बुझाने के लिए निर्माणाधीन उठाऊ पेयजल स्कीम पजौंडी नाला करीब छह वर्ष बीत जाने के बावजूद भी अधर में लटकी है। सेंक्चुरी एरिया चौहारघाटी के पजौंडी नाला से पानी लिफ्ट करने के लिए लाइन बिछाने के कार्य के लिए वन विभाग की एनओसी न मिलने से प्रभावित होकर रह गई है।
सेंक्चुरी एरिया में लाइन बिछाने का कार्य शेष है। आइपीएच महकमे ने साठ फीसदी से अधिक योजना का कार्य पूरा भी कर लिया है। वर्ष 2007 में वर्तमान मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने ही इस योजना का शिलान्यास किया था। इसकी अनुमानित लागत उस समय 13.61 करोड़ रुपये थी। स्थानीय निवासी प्रदीप कुमार, जतिन शर्मा, लेखराम, परस राम, देवी सिंह, दुनीचंद, पवन कुमार, नवीन कुमार, कृष्ण चंद, करताप सिंह, टेक चंद, रमेश चंद, भाऊ ठाकरे और किशोरी ने कहा कि क्षेत्र के लोग कई सालों से पेयजल योजना का काम पूरा होने की उम्मीद लगाए बैठे हैं।
नोटिफिकेशन होते ही शुरू होगा काम
आईपीएच विभाग के अधिशासी अभियंता पीएस राणा ने कहा कि सरकार ने प्रदेश के कुछेक गांवों को सेंक्चुरी एरिया से बाहर करने का निर्णय लिया है। इसमें चौहारघाटी के गांव भी शामिल हैं। सरकार की ओर से इसकी नोटिफिकेशन जारी होनी है। जैसे ही नोटिफिकेशन जारी होती है योजना के कार्य को सिरे चढ़ाने में विभाग त्वरित कार्यवाही करेगा।
