
नूरपुर (कांगड़ा)। शहर के चौगान बाजार में वेटरिनरी अस्पताल की जमीन पर प्रस्तावित बहुप्रतीक्षित बस स्टैंड के निर्माण का रास्ता साफ हो गया है। वहीं, प्रदेश सरकार ने उपमंडलीय सिविल अस्पताल नूरपुर में ट्रामा सेंटर खोलने की चिरलंबित मांग पर भी मंजूरी की मोहर लगा दी है। शुक्रवार को अगले वित्तीय वर्ष 2014-15 के लिए पारित किए गए वार्षिक बजट में प्रदेश सरकार ने बस स्टैंड और ट्रामा सेंटर समेत खज्जियां स्थित गौ सदन को अपग्रेड करने का तोहफा दिया है। नूरपुर अस्पताल में ट्रामा सेंटर खुलने से सड़क हादसों में होने वाली मौतों के ग्राफ को कम करने में मदद मिलेगी। वहीं नूरपुर, इंदौरा, फतेहपुर, जवाली और जिला चंबा के भटियात और चुवाड़ी क्षेत्रों की जनता को भी इसका लाभ मिलेगा। उधर, नूरपुर में बस स्टैंड के निर्माण से शहर में बेतरतीब ट्रैफिक की समस्या से निजात मिलेगी। यही नहीं खज्जियां स्थित गौ सदन को अपग्रेड करने के प्रदेश सरकार के निर्णय से नूरपुर और इसके आसपास क्षेत्रों में लावारिस पशुओं की समस्या से निजात मिलेगी। उधर, स्थानीय विधायक अजय महाजन ने बस स्टैंड और ट्रामा सेंटर खोलने की नूरपुरवासियों की चिरलंबित मांग को पूरा करने पर मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह सहित परिवहन मंत्री जीएस बाली और स्वास्थ्य मंत्री ठाकुर कौल सिंह का आभार जताया है।
क्या है ट्रामा सेंटर
ट्रामा सेंटर सड़क हादसों में गंभीर रूप से घायलों को तुरंत उपचार की एक विशेष तरह की सुविधा है। ट्रामा सेंटर में एक अत्याधुनिक मोबाइल वाहन, विशेषज्ञ चिकित्सकों और आधुनिक सुविधाओं से लैस विभाग बनाया जाता है। यह विभाग हादसे के तुरंत बाद मौके पर पहुंचकर घायल मरीज को उपचार देता है। इससे गंभीर रूप से घायल व्यक्ति के समय पर उपचार मिल जाता है, जिससे उसकी मृत्यु की आशंका कम हो जाती है।
