
पटना : लालू प्रसाद की पत्नी और बिहार की पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने सीबीआई की विशेष अदालत द्वारा चारा घोटाले पर आए फैसले पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि लालू जी को राजनीतिक साजिश के तहत फंसाया गया है। उन्होंने कहा कि सीबीआई कोर्ट से हमें न्याय नहीं मिला। उन्होंने कहा कि लालू प्रसाद यादव को चारा घोटाले में सुनाई गई सजा के फैसले को उच्च न्यायालय में चुनौती देंगी।
राबडी देवी ने लालू को चारा घोटाले के मामले में पांच साल की सजा मिलने के बाद संवाददाताओं से बातचीत में कहा कि यादव साजिश के शिकार हुए हैं। उनके खिलाफ चारा घोटाले में न कोई सबूत है और न कोई गवाह ही है। केन्द्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने जब यादव के घर और उनके रिश्तेदारों के यहां छापामारी की थी उस समय भी कुछ भी नही मिला था। राबड़ी देवी ने कहा कि लालू जेल से ही पार्टी चलाएंगे और मैं जनता के बीच जाऊंगी। राबड़ी ने कहा कि मैं और मेरे दोनों बेटे जनता के बीच जाएंगे। पूरी पार्टी जनता के बीच जाएगी। आगे की रणनीति पर पार्टी की मीटिंग 6 तारीख को होगी।
उन्होंने कहा कि वह निचली अदालत के इस फैसले को उच्च न्यायालय और उच्चतम न्यायालय में चुनौती देने के साथ इस ही साजिश को बेनकाब करने के लिए जनता की अदालत में भी जायेंगी और उन्हें पूरा भरोसा है कि वहां उन्हें अवश्य न्याय मिलेगा। पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि अदालत ने भले ही यादव को चारा घोटाले में सजा सुनायी है लेकिन वह निर्दोष हैं और जनता भी ऐसा ही मानती है। जनता के बीच वह हीरो थे, हीरो हैं और आगे भी हीरो ही रहेंगे। उन्होंने कहा कि इस फैसले से उन्हें या उनके परिवार को ही नहीं बल्कि यादव को चाहने वाले बिहार और पूरे देश के करोड़ों लोगों को दुख हुआ है ।
राबड़ी देवी ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर चारा घोटाले में लिप्त होने और यादव को राजनीति षडय़ंत्र के तहत फंसाये जाने का आरोप लगाते हुए कहा कि नीतीश ने चारा घोटाले में करोड़ो रूपये लिये हैं। इसका सबूत तथा गवाह भी हैं लेकिन यादव को बिना सबूत और गवाह के ही इस मामले में फंसा दिया गया है। उन्होंने कहा यादव के खिलाफ साजिश में कई और लोग है जिनका नाम लेने की जरूरत नहीं है क्योंकि सभी ऐसे लोगों को जानते हैं।
